15 साल भाजपा सरकार में भ्रष्टाचार की भेट चढ़ा वक्फ बोर्ड: रिजवी

 

रायपुर। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के मीडिया प्रमुख एवं मध्यप्रदेश पाठ्यपुस्तक निगम के पूर्व अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता इकबाल अहमद रिजवी ने मुस्लिम समाज की पवित्र संस्था वक्फ बोर्ड को भाजपा शासनकाल में लगभग पन्द्रह साल तक तत्कालीन पदाधिकारियों ने कमाई का जरिया बना रखा था तथा अल्लाह की राह में समाज के श्रद्धालु लोगों के द्वारा धार्मिक संस्थाओं के रखरखाव एवं खैराती चेरिटेबल कामों के लिए दान में अपनी सम्पत्ति एवं भूमि को दिया जाता है। उक्त सम्पत्ति की सुरक्षा वक्फ बोर्ड के अधिकार क्षेत्र में आती है। भाजपा शासनकाल में शासन सहित अल्लाह के अजाब से बेखौफ पदाधिकारियों ने बेचने की अनुमति देकर करोड़ों रूपए का अमानत में खयानत करते हुए बेच दिया तथा भ्रष्टाचार की श्रेणी में आने वाली अनियमितताओं के अंतर्गत नौ करोड़ के फर्जी वाऊचर बनाए गए। 15 साल में वक्फ बोर्ड ने वक्फ सम्पत्ति का न सर्वे, न सीमांकन करवाया तथा बेजा कब्जाधारियों से वक्फ सम्पत्ति को मुक्त कराने की दिशा में कोई पहल भी नहीं की गई।

रिजवी ने बताया है कि पूर्व सी.ई.ओ. डा. एस. जहीरूद्दीन ने दिनांक 20/06/2019 को विभागीय सचिव डी.डी. सिंग को भाजपा शासनकाल की बोर्ड द्वारा किए गए भ्रष्टाचार के तहत करोड़ों का घपला उजागर कर एक शिकायती पत्र भेजा था परन्तु आश्चर्य का विषय है कि विभागीय सचिव ने एक वर्ष बीत जाने के बाद भी किसी प्रकार की जांच के आदेश नहीं दिए जो संदेह की परिधि में आता है। मेरे द्वारा वर्तमान अध्यक्ष सलाम रिजवी को पत्र प्रेषित कर पूर्व अध्यक्ष एवं पूर्व एवं वर्तमान सी.ई.ओ. साजिद अहमद फारूकी के विरूद्ध रिपोर्ट पुलिस में वर्तमान अध्यक्ष ने किसी अज्ञात कारणवश नहीं करवाई गई। इस पर मेरे द्वारा ई.ओ.डब्ल्यू. में सप्रमाण रिपोर्ट दर्ज करवाई गई। उस रिपोर्ट पर भी सचिव द्वारा समुचित निर्देश की अनुमति ई.ओ.डब्ल्यू. को पांच माह गुजर जाने के बावजूद प्रेषित नहीं की गई है जो कई शंकाओं जन्म देता है। वक्फ बोर्ड के करोड़ों के स्केण्डल की जांच करवाने हेतु सेन्ट्रल वक्फ कौंसिल द्वारा पी.एम.ओ. के संज्ञान लेने पर विभाग को निष्पक्ष जांच करवाने सचिव, अजा, अजाज विभाग को तत्काल जांच करने के लिए आदेशित किया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *