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जशपुर वनमण्डल के चार वन परिक्षेत्रों में 32 हाथियों का विचरण, वन विभाग सतर्क ग्रामीणों से सावधानी बरतने की अपील

जशपुरनगर 12 जुलाई 2026/ वनमण्डल अंतर्गत विभिन्न वन परिक्षेत्रों में वर्तमान में लगभग 32 हाथियों का दल सक्रिय रूप से विचरण कर रहा है। वन विभाग द्वारा हाथियों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखते हुए हाथी-मानव द्वंद की किसी भी संभावित घटना की रोकथाम हेतु व्यापक सुरक्षा एवं सतर्कता संबंधी उपाय किए जा रहे हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार वन परिक्षेत्र दुलदुला अंतर्गत ग्राम धुरीअम्बा, करडेगा, केन्दापानी, धांधअम्बा, बुकना, मधुटोली एवं कोहड़ापहरी, वन परिक्षेत्र पत्थलगांव अंतर्गत ग्राम खाडामाचा, हरदीझरिया, पीठाआमा, राजाआमा, खमगढ़ा, महेशपुर, काडरो एवं झिमकी, वन परिक्षेत्र कांसाबेल अंतर्गत ग्राम चेटबा, नारायणबहली, मड़ियाझरिया एवं सोनाजोरी, तथा वन परिक्षेत्र बगीचा अंतर्गत ग्राम झिक्की, खंताडांड, टटकेला, परसाडांड, पेटा, कुरडेग, बिमड़ा, सामरबार, दुर्गापारा, सुईकोना, मैनी, बुचीढांड, जुजगु एवं कुरडेग के आसपास हाथियों का दल विचरण कर रहा है।

वनमण्डलाधिकारी ने बताया कि हाथियों की गतिविधियों पर आर.आर.टी. तथा वन विभाग का मैदानी अमला चौबीसों घंटे सतत निगरानी रखे हुए है। हाथियों की लोकेशन का नियमित रूप से पता लगाकर आसपास के ग्रामों में तत्काल सूचना पहुंचाई जा रही है, जिससे ग्रामीण समय रहते सतर्क रह सकें। इसके अतिरिक्त प्रभावित क्षेत्रों में लगातार मुनादी कर लोगों को हाथियों की उपस्थिति एवं सुरक्षा संबंधी आवश्यक जानकारी दी जा रही है।

वन विभाग द्वारा ग्रामीणों से विशेष अपील की गई है कि हाथियों के वन क्षेत्र में विचरण के दौरान लकड़ी, चारा अथवा अन्य निस्तार कार्यों के लिए जंगल में प्रवेश न करें। साथ ही किसी भी परिस्थिति में हाथियों के समीप जाने, उन्हें उकसाने, उनका पीछा करने अथवा उनके साथ सेल्फी या वीडियो बनाने का प्रयास न करें, क्योंकि इससे गंभीर दुर्घटना की आशंका बढ़ सकती है। विभाग द्वारा ग्राम स्तर पर जनप्रतिनिधियों, वन सुरक्षा समितियों तथा स्थानीय नागरिकों के सहयोग से हाथियों की गतिविधियों की जानकारी निरंतर साझा की जा रही है, ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति में तत्काल आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके। वन विभाग का उद्देश्य हाथियों एवं ग्रामीणों दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए मानव-हाथी द्वंद की घटनाओं को प्रभावी रूप से रोकना है। वन विभाग ने नागरिकों से आग्रह किया है कि हाथियों की सूचना मिलने पर किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें तथा केवल वन विभाग द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं का ही पालन करें। यदि किसी क्षेत्र में हाथियों की उपस्थिति दिखाई दे अथवा उनकी गतिविधियों की जानकारी प्राप्त हो, तो इसकी सूचना तत्काल निकटस्थ वन विभाग के अधिकारी, कर्मचारी अथवा आर.आर.टी. को दें।

वन विभाग ने पुनः सभी ग्रामीणों से अनुरोध किया है कि वे विभाग द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें, रात्रि के समय अनावश्यक रूप से जंगल अथवा हाथियों के विचरण वाले क्षेत्रों में न जाएं तथा किसी भी आपात स्थिति में वन विभाग से तत्काल संपर्क करें। विभाग ने विश्वास व्यक्त किया है कि ग्रामीणों की सतर्कता, सहयोग एवं समय पर सूचना देने की सक्रिय सहभागिता से हाथी-मानव द्वंद की घटनाओं को प्रभावी रूप से रोका जा सकता है।

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