Ro no D15139/23

भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) को सूची से हटाने की कार्यवाही शुरू की।

मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार की अध्यक्षता में तथा निर्वाचन आयुक्तगण डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी की उपस्थिति में भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) को डीलिस्ट (सूची से हटाने) करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ये वे दल हैं जो वर्ष 2019 से पिछले छह वर्षों में एक भी निर्वाचन में भाग लेने में असफल रहे हैं और जिनके कार्यालय भौतिक रूप से कहीं भी स्थित नहीं पाए गए।

इन 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) का संबंध देशभर के विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से है। आयोग के संज्ञान में आया है कि वर्तमान में पंजीकृत 2800 से अधिक पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) में से कई दल आवश्यक शर्तों को पूरा नहीं कर रहे हैं, जो RUPP बने रहने के लिए जरूरी हैं।

इसलिए, भारत निर्वाचन आयोग द्वारा एक राष्ट्रव्यापी अभ्यास किया गया जिसमें अब तक 345 ऐसे दलों की पहचान की गई है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि किसी भी दल को अनुचित रूप से डीलिस्ट न किया जाए, संबंधित राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारियों (CEOs) को निर्देश दिया गया है कि वे ऐसे दलों को कारण बताओ नोटिस जारी करें। इसके बाद, इन दलों को संबंधित सीईओ द्वारा सुनवाई का अवसर दिया जाएगा। किसी भी RUPP को डीलिस्ट करने का अंतिम निर्णय भारत निर्वाचन आयोग द्वारा लिया जाएगा।

भारत में राजनीतिक दलों (राष्ट्रीय/राज्य/पंजीकृत अप्रमाणित) का पंजीकरण लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29A के अंतर्गत किया जाता है। इस प्रावधान के तहत, कोई भी संघ एक बार राजनीतिक दल के रूप में पंजीकृत होने पर कर छूट जैसी कुछ विशेष सुविधाएं प्राप्त करता है।

यह अभ्यास राजनीतिक प्रणाली की सफाई और ऐसे दलों की डीलिस्टिंग के उद्देश्य से किया गया है जो 2019 के बाद से लोकसभा, राज्य विधानसभाओं या उप निर्वाचनों में भाग नहीं ले सके हैं और जिन्हें भौतिक रूप से खोजा नहीं जा सका है। इस प्रक्रिया के पहले चरण में 345 RUPPs की पहचान की गई है और यह अभियान राजनीतिक प्रणाली को स्वच्छ करने के उद्देश्य से आगे भी जारी रहेगा।

  • Related Posts

    कलेक्टर के निर्देश पर नशा मुक्ति केंद्र का आकस्मिक निरीक्षण

    व्यवस्थाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति और सीसीटीवी निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश   धमतरी, 16 अक्टूबर 2026।जिले में संचालित संस्थाओं की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने,…

    Read more

    धमतरी जिले में टिकाऊ कृषि को मिलेगा बढ़ावा, जोरातराई बनेगा प्रदेश का पहला कार्बन न्यूट्रल गांव

    कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने AWD तकनीक के विस्तार के साथ दलहन-तिलहन का रकबा दोगुना करने पर दिया जोर   ग्राम जोरातराई नवीन को प्रदेश का पहला कार्बन न्यूट्रल गांव बनाने…

    Read more

    NATIONAL

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    प्रोटेस्ट के सबसे अचूक हथियार अनशन से क्यों बच रहे हैं राहुल गांधी और अभिजीत दीपके? बदलते दौर में इसका कितना रहा महत्व

    प्रोटेस्ट के सबसे अचूक हथियार अनशन से क्यों बच रहे हैं राहुल गांधी और अभिजीत दीपके? बदलते दौर में इसका कितना रहा महत्व

    अंकिता भंडारी के माता-पिता को पुलिस ने सुबह 5 बजे छोड़ा, दुष्यंत गौतम की नियुक्ति रद्द करने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम

    अंकिता भंडारी के माता-पिता को पुलिस ने सुबह 5 बजे छोड़ा, दुष्यंत गौतम की नियुक्ति रद्द करने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम

    रेणु देवी हत्याकांड में दो साल बाद फैसला, दोषी को उम्रकैद; DNA जांच से हुई मृतका की पहचान

    रेणु देवी हत्याकांड में दो साल बाद फैसला, दोषी को उम्रकैद; DNA जांच से हुई मृतका की पहचान

    गुजरात स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा की प्रचंड जीत, जनता के अटूट विश्वास और विकास की विजय : गोमती साय

    गुजरात स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा की प्रचंड जीत, जनता के अटूट विश्वास और विकास की विजय : गोमती साय

    ‘आतंकवादी, तुम यहां क्यों आए?’ न्यूयॉर्क में बांग्लादेशी प्रवासियों के गुस्से का सामना कर रहे मुहम्मद यूनुस

    ‘आतंकवादी, तुम यहां क्यों आए?’ न्यूयॉर्क में बांग्लादेशी प्रवासियों के गुस्से का सामना कर रहे मुहम्मद यूनुस