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खरीफ सीजन से पहले किसानों को राहत, बिना टोकन मिलेगा खाद प्रशासन ने बढ़ाई खाद की उपलब्धता, कालाबाजारी पर रहेगी सख्त नजर

 

धमतरी, 19 मई 2026/ खरीफ सीजन की तैयारी कर रहे किसानों के लिए राहत भरी खबर है। जिले में किसानों को अब खाद वितरण के लिए टोकन व्यवस्था की प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा। प्रशासन द्वारा उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए वितरण व्यवस्था को सरल एवं पारदर्शी बनाया गया है।
उप संचालक कृषि कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार किसानों को उनके रकबे एवं आवश्यकता के अनुरूप यूरिया, डीएपी तथा सुपर फास्फेट खाद उपलब्ध कराया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराना तथा कालाबाजारी पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करना है।
कृषि विभाग ने बताया कि जिले की 96 सहकारी समितियों में कुल 37 हजार 238 मीट्रिक टन उर्वरक का भंडारण किया गया है तथा वितरण प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए खाद वितरण की सतत मॉनिटरिंग की जा रही है।
कलेक्टर के निर्देशानुसार कृषि विभाग की टीम द्वारा निजी विक्रेताओं एवं खाद दुकानों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है। अनियमितता, कालाबाजारी अथवा निर्धारित दर से अधिक कीमत वसूले जाने की शिकायत मिलने पर संबंधितों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
नई व्यवस्था के तहत किसानों को प्रति एकड़ के आधार पर संतुलित मात्रा में खाद उपलब्ध कराया जाएगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि छोटे एवं सीमांत किसानों को प्राथमिकता देते हुए सभी किसानों को उनका निर्धारित कोटा उपलब्ध कराया जाएगा।
विभागीय जानकारी के अनुसार 2.50 एकड़ तक भूमि रखने वाले किसानों को दो किस्तों में खाद उपलब्ध कराया जाएगा, जबकि इससे अधिक रकबा वाले किसानों को निर्धारित मानकों के अनुसार उर्वरक वितरित किया जाएगा।
कृषि विभाग ने किसानों से संतुलित मात्रा में उर्वरकों के उपयोग की अपील करते हुए कहा है कि मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनाए रखने के लिए वैज्ञानिक पद्धति अपनाना आवश्यक है। साथ ही किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत सीधे कृषि विभाग कार्यालय में दर्ज कराई जा सकती है।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि खरीफ सीजन को देखते हुए जिले में किसानों के लिए खाद की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। किसानों को बिना किसी परेशानी के समय पर उर्वरक उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि सभी सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में खाद का भंडारण किया गया है तथा वितरण व्यवस्था को सरल और पारदर्शी बनाया गया है।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने कहा कि खाद की कालाबाजारी और अधिक कीमत वसूली को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके लिए कृषि विभाग एवं प्रशासन की टीम लगातार निरीक्षण कर रही है। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे संतुलित मात्रा में उर्वरकों का उपयोग करें तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता की जानकारी तत्काल कृषि विभाग को दें। उन्होंने ने विश्वास व्यक्त किया है कि इस नई व्यवस्था से किसानों को समय पर खाद उपलब्ध होगा तथा खरीफ सीजन में फसल उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलेगी।
// पाराशर/:

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