Ro no D15139/23

प्रदेश में गौवंश संरक्षण एवं संवर्धन को मिली नई दिशा – मुख्यमंत्री श्री साय मुख्यमंत्री ने  राज्य में गौधाम योजना का किया शुभारंभ

 जशपुर के बाला छापर स्थित गौधाम भी शामिल
जिला स्तरीय कार्यक्रम जिला पंचायत सभाकक्ष में हुआ आयोजित

जशपुरनगर 14 मार्च 2026/ राज्य में गोधन संरक्षण और गौसेवा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज बिलासपुर से गौधाम योजना का शुभारंभ किया। इस योजना के तहत प्रदेश के 29 गौधामों का संचालन प्रारंभ किया गया है, जिनमें जशपुर जिले के बालाछापर स्थित गौधाम को भी शामिल किया गया है। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अब राज्य में शासकीय भूमि पर स्थित सभी गौधाम सुरभि गौधाम के नाम से जाने जाएंगे। इस अवसर पर जशपुर में जिला स्तरीय कार्यक्रम जिला पंचायत सभा कक्ष में आयोजित किया गया, जहां मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का ऑनलाइन माध्यम से अवलोकन किया गया। कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष जशपुर श्री अरविंद भगत, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, जिला स्तरीय गौधाम समिति के अध्यक्ष श्री मदन सोनी, कलेक्टर श्री रोहित व्यास सहित पशुसखी, पशुपालक किसान, विभागीय अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार गोधन संरक्षण और गौसेवा को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि गौधाम योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में बेसहारा और निराश्रित मवेशियों को सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराना, उनके संरक्षण को बढ़ावा देना तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है। गोधन हमारी ग्रामीण संस्कृति, कृषि व्यवस्था और अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है, इसलिए सरकार इसे संरक्षित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्यभर में गौधाम योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है, जिससे बेसहारा गौवंश की देखभाल के साथ-साथ गौसेवा की परंपरा को भी मजबूती मिलेगी। उन्होंने बताया कि गौधामों में विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे। यहां पशुपालन, हरा चारा उत्पादन तथा गोबर से उपयोगी वस्तुएं तैयार करने का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
जिला स्तरीय कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविंद भगत ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ का चहुंमुखी विकास हो रहा है। उन्होंने गौधाम योजना के शुभारंभ के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। वहीं नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव ने कहा कि राज्य सरकार की इस पहल से गोधन संरक्षण को नई दिशा मिलेगी तथा बेसहारा और निराश्रित गौवंश के संरक्षण को मजबूती प्राप्त होगी। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पशुपालकों के लिए भी लाभकारी सिद्ध होगी।

  • Related Posts

    (अम्बिकापुर समाचार) ’’किसानों की आय बढ़ाने कृषि के साथ पशुपालन, मत्स्य पालन और उद्यानिकी को मिलेगा बढ़ावा’’ ’’संभागायुक्त नरेन्द्र कुमार दुग्गा ने खरीफ 2026 एवं रबी 2026-27 की कार्ययोजना की समीक्षा की’’

      अम्बिकापुर 15 अक्टूबर 2026/    संभागायुक्त श्री नरेंद्र कुमार दुग्गा ने खरीफ 2026 तथा रबी 2026-27 की तैयारियों की समीक्षा करते हुए किसानों की आय बढ़ाने के लिए कृषि…

    Read more

    सेवा की कहानी: डेयरी व्यवसाय से संध्या बनीं आत्मनिर्भर, दूध की बिक्री से हर महीने हो रही 15 हजार रुपये की बचत

    राज्य डेयरी उद्यमिता विकास योजना से मिला आर्थिक सहयोग, प्रतिदिन 30 लीटर दूध उत्पादन से मजबूत हुई आजीविका*   *दूध की बिक्री से प्रतिमाह लगभग 30 हजार रुपये की आमदनी,…

    Read more

    NATIONAL

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    प्रोटेस्ट के सबसे अचूक हथियार अनशन से क्यों बच रहे हैं राहुल गांधी और अभिजीत दीपके? बदलते दौर में इसका कितना रहा महत्व

    प्रोटेस्ट के सबसे अचूक हथियार अनशन से क्यों बच रहे हैं राहुल गांधी और अभिजीत दीपके? बदलते दौर में इसका कितना रहा महत्व

    अंकिता भंडारी के माता-पिता को पुलिस ने सुबह 5 बजे छोड़ा, दुष्यंत गौतम की नियुक्ति रद्द करने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम

    अंकिता भंडारी के माता-पिता को पुलिस ने सुबह 5 बजे छोड़ा, दुष्यंत गौतम की नियुक्ति रद्द करने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम