
18 से लेकर 82 वर्ष तक के लोगों ने भरा घोषणा पत्र …
रायपुर ब्राइट फाउंडेशन एवं रोटरी क्लब आफ रायपुर का संयुक्त प्रयास
रायपुर/मंगलवार को रायपुर ब्राइट फाउंडेशन एवं रोटरी क्लब ऑफ रायपुर के संयुक्त तत्वावधान में श्री बालाजी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस के सहयोग से देहदान और नेत्रदान घोषणा शिविर का आयोजन किया गया जहां घोषणा पत्र भरने वाले 101 दानदाताओं को सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर रायपुर ब्राइट फाउंडेशन के अध्यक्ष प्रदीप गोविंद शितूत ने कहा कि देहदान से चिकित्सा के क्षेत्र में भविष्य के डॉक्टरों को अध्ययन एवं अनुसंधान हेतु सहयोग प्राप्त होगा वहीं एक व्यक्ति के नेत्रदान से दो व्यक्तियों के अंधेरे जीवन में रोशनी आएगी।
रोटरी क्लब की अध्यक्ष डॉ. प्रीता लाल ने कहा कि आत्मा अमर है कुछ भ्रांतियां हैं जिसे दूर करने की आवश्यकता है हमें अपनी सोच बदलनी पड़ेगी। मृत्यु के बाद भी हमारा शरीर किसी के काम आ सके इसके लिए आमजन आगे आये।
फाउंडेशन के प्रदेश प्रवक्ता चेतन चंदेल ने बताया कि शिविर के दौरान डॉ. मानिक चटर्जी (डीन) ने सविस्तार देहदान और नेत्रदान की प्रक्रिया उसके फायदे की संपूर्ण जानकारी दानदाताओं को देते हुए उनके प्रश्नों और जिज्ञासाओं से उनको सरल व सहज शब्दों में अपनी बात रखी ।
देहदान व नेत्रदान के लिए कुल 101 दानदाताओं के घोषणा पत्र रायपुर ब्राइट फाउंडेशन एवं रोटरी क्लब रायपुर द्वारा कॉलेज प्रबंधन को सौंपे गये है । इस अवसर पर उपस्थित सभी दान दाताओं को सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया ।
गौरतलब है कि संस्थाओं द्वारा जहां 82 वर्षीय नामोचंद मोरयानी, 77 वर्षीय अरुण देवीकर को इस महादान हेतु जागृत किया गया वहीं 18 वर्षीय सुश्री कशिश बोरकर एवं 25 वर्षीय सुश्री आंचल शर्मा सहित अनेको युवा- युवतियों को भी महादान हेतु घोषणा करवाने में सफलता हासिल हुई । इस तरह सभी आयु वर्गों तक इस महान दान को जागृत करने में दोनों संस्थाएं सफल रही ।
इस अवसर पर रोटरी सचिव अरविंद जोशी, रायपुर ब्राइट फाउंडेशन की महासचिव अनघा करकशे, रोटरी क्लब की ऑर्गन एवं ब्लड डोनेशन की चेयरमैन शिल्पी चौधरी विशेष तौर से उपस्थित थी ।
शिविर में दोनों संस्थाओं के सभी प्रमुख पदाधिकारियों व सदस्यों सहित बड़ी संख्या में मेडिकल कॉलेज की छात्र- छात्राएं उपस्थित थी ।








