Ro no D15139/23

वन अधिकार अधिनियम का क्रियान्‍वयन समन्‍वय से करें: राज्यपाल पटेल

विशेष ग्राम सभाओं में होंगे वन अधिकारों की जागरूकता के प्रयास

राज्यपाल ने की सामुदायिक वन संसाधन अधिकार के क्रियान्‍वयन की समीक्षा

 

भोपाल : IMNB NEWS AGENCY

 

 

राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि वन अधिकार अधिनियम 2006 जनजाति कल्याण का प्रतिबद्ध प्रयास है। संबंधित विभाग इस अधिनियम के क्रियान्वयन को विशेष प्रयासों से और अधिक प्रभावी बनाए। उन्होंने कहा कि क्रियान्‍वयन कार्य में आवश्‍यकता अनुसार स्‍थानीय जन प्रतिनिधियों और ज़िम्मेदार नागरिकों का सहयोग लें।

 

राज्यपाल श्री पटेल गुरुवार को लोकभवन में सामुदायिक वन संसाधन अधिकार के क्रियान्वयन की समीक्षा कर रहे थे। सांदीपनि सभागार में आयोजित बैठक में राज्‍यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी भी मौजूद थे।

 

राज्यपाल श्री पटेल ने बैठक में सामुदायिक वन संसाधन अधिकार के कार्यों की जिलेवार समीक्षा की। सामुदायिक वन संसाधन, संरक्षण और प्रबंधन के अधिकारों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप ग्राम सभा की समुचित प्रक्रिया अपनाई जाये। समस्‍त प्रक्रिया को ग्राम सभा में सौहार्द्रपूर्ण वातावरण में किया जाए। राज्‍यपाल श्री पटेल ने पेसा ग्रामों में अधिनियम की प्रगति जानी। उन्होंने कहा कि ग्राम सभा के कार्यों और वित्तीय प्रबंधन में पारदर्शिता का विशेष ध्यान रखें। समय-समय पर वित्तीय प्रबंधन के लिए ज़िम्मेदार अधिकारियों का निरीक्षण भी कराएं।

 

राज्यपाल श्री पटेल को अपर मुख्य सचिव पंचायत ग्रामीण विकास श्रीमती दीपाली रस्तोगी ने बताया कि 15 अगस्त की विशेष ग्राम सभाओं के माध्यम से वन संसाधन अधिकार अभियान को और आगे बढ़ाया जायेगा। स्थानीय स्तर पर जन जागरूकता के विशेष प्रयास किए जायेगें। अधिनियम के क्रियान्वयन से संबंधित सभी विभागों का सहयोग भी लिया जायेगा। प्रमुख सचिव जनजातीय कार्य श्री गुलशन बामरा ने प्रदेश भर में वनाधिकार कार्यों की प्रगति की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने अधिनियम के क्रियान्‍वयन से जुड़ी समस्‍त प्रक्रियाओं की जानकारी दी। क्षेत्र विशेष की आवश्‍यकता अनुसार कार्यो पर चर्चा की। प्रमुख सचिव वन श्री राघवेंद्र सिंह ने आगामी दिनों में वन संसाधन अधिकार से संबंधित लंबित कार्यों को तेज़ी से पूर्ण करने की बात कही।

 

बैठक में जनजातीय प्रकोष्ठ के अध्यक्ष श्री दीपक खांडेकर, राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव श्री ई. रमेश कुमार, जनजाति प्रकोष्ठ की सचिव श्रीमती मीनाक्षी सिंह, प्रधान मुख्‍य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख) श्री शुभरंजन सेन, प्रधान मुख्‍य वन संरक्षक श्री मनोज कुमार अग्रवाल और संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

  • Related Posts

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों को 19 सितंबर को देंगे ई-स्कूटी की सौगात

    मेरिट में आने वाले 7,500 से ज्यादा विद्यार्थियों को मिलेगी स्कूटी शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शिवाजी नगर, भोपाल में होगा राज्य स्तरीय स्कूटी वितरण कार्यक्रम प्रदेश सरकार ने…

    Read more

    प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश फैल रहा हैं देशभर में: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    प्रधानमंत्री श्री मोदी के जन्म दिवस पर दीप प्रज्ज्वलित कर होगा आभार प्रदर्शन 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक चलेगा सेवा-संकल्प अभियान बेहतर समन्वय और अधिक से अधिक जनसहभागिता की…

    Read more

    NATIONAL

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संपूर्ण जीवन राष्ट्र एवं जनसेवा को समर्पित : नीतीश मिश्रा

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संपूर्ण जीवन राष्ट्र एवं जनसेवा को समर्पित : नीतीश मिश्रा

    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हम सब विकसित भारत के संकल्प के साक्षी बन रहे हैं – मुख्यमंत्री साय

    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हम सब विकसित भारत के संकल्प के साक्षी बन रहे हैं – मुख्यमंत्री साय

    Video : ‘कैन वी हैव अ पिक्चर?’ पीएम मोदी संग फोटो लेने पहुंचीं महिला प्रतिनिधि, फिर बोलीं- ‘वी आर ऑल सो लकी’

    Video : ‘कैन वी हैव अ पिक्चर?’ पीएम मोदी संग फोटो लेने पहुंचीं महिला प्रतिनिधि, फिर बोलीं- ‘वी आर ऑल सो लकी’

    AI ने बदल दिया बिहार के नेताओं का लुक, 80s के अंदाज में दिखे सम्राट, नीतीश, लालू, तेजस्वी और PK

    AI ने बदल दिया बिहार के नेताओं का लुक, 80s के अंदाज में दिखे सम्राट, नीतीश, लालू, तेजस्वी और PK

    7 साल बाद भारत में मोदी-जिनपिंग की मुलाकात, सीमा विवाद से व्यापार तक चर्चा, इसलिए खास है शी का दौरा

    7 साल बाद भारत में मोदी-जिनपिंग की मुलाकात, सीमा विवाद से व्यापार तक चर्चा, इसलिए खास है शी का दौरा

    BRICS में शामिल होने को बेताब पाकिस्तान! समझिए भारत की ‘हां’ के बिना क्यों मुश्किल है एंट्री

    BRICS में शामिल होने को बेताब पाकिस्तान! समझिए भारत की ‘हां’ के बिना क्यों मुश्किल है एंट्री