Ro no D15139/23

छत्तीसगढ़ में नई श्रम संहिताओं के क्रियान्वयन की हुई समीक्षा

*भारत सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के संयुक्त सचिव ने लिया तैयारियों का जायजा*

 

*श्रमिक हितों और सामाजिक सुरक्षा पर जोर*

 

रायपुर,09 जुलाई 2026/ छत्तीसगढ़ में नवीन श्रम संहिताओं (New Labour Codes) के प्रभावी क्रियान्वयन और श्रमिक कल्याण से जुड़े विभिन्न पहलुओं को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी कड़ी में भारत सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के संयुक्त सचिव डॉ. महेन्द्र कुमार ने गुरुवार को राज्य में चल रही प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। नया रायपुर स्थित ‘छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल’ के सभागार में आयोजित इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में श्रम कानूनों को धरातल पर उतारने को लेकर गंभीर मंथन किया गया।

 

*चारों प्रमुख श्रम संहिताओं पर हुई चर्चा*

 

बैठक के दौरान केंद्र सरकार द्वारा अधिनियमित चारों नवीन श्रम संहिताओं के अंतर्गत राज्य सरकार द्वारा अब तक जारी की गई अधिसूचनाओं और उनके अनुपालन की बिंदुवार समीक्षा की गई, वेतन संहिता, 2019 (Code on Wages, 2019)औद्योगिक संबंध संहिता, 2020 (Industrial Relations Code, 2020)सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 (Code on Social Security, 2020)व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्य-परिस्थितियाँ संहिता, 2020 (OSH Code, 2020)। बैठक में राज्य के अधिकारियों ने केंद्र सरकार को अवगत कराया कि इन नवीन संहिताओं को छत्तीसगढ़ में सुचारू रूप से लागू करने के लिए विभाग पूरी तरह तैयार है।

 

*श्रमिक हितों और डिजिटल पहलों पर विशेष जोर*

 

समीक्षा बैठक में छत्तीसगढ़ के श्रम विभाग के अधिकारियों ने राज्य में श्रमिकों के हित में चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं और सामाजिक सुरक्षा के विस्तार की जानकारी दी। संयुक्त सचिव को विभाग द्वारा अपनाई गई आधुनिक डिजिटल पहलों और तकनीकी नवाचारों (Digital Initiatives) से भी रू-ब-रू कराया गया। बैठक में इस बात पर विशेष बल दिया गया कि नई व्यवस्था के आने से श्रम प्रशासन अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और प्रभावी बनेगा, जिससे श्रमिकों के हितों का बेहतर संरक्षण हो सकेगा।

 

*जल्द पूरे होंगे राज्य के नियमों के निर्माण कार्य*

 

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि भारत सरकार की संहिताओं के अनुरूप राज्य के स्तर पर नियमों (Rules) के निर्माण की प्रक्रिया को शीघ्र ही अंतिम रूप देकर इन्हें प्रभावी ढंग से लागू कर दिया जाएगा। इस पहल से छत्तीसगढ़ के लाखों श्रमिकों के साथ-साथ नियोजकों (Employers) को भी नई श्रम संहिताओं के प्रावधानों का लाभ समयबद्ध, सरल और सुगम तरीके से मिलना शुरू हो जाएगा।

 

इस उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में छत्तीसगढ़ शासन के श्रम विभाग की ओर से श्री एस.एल. जांगड़े, श्रीमती सविता मिश्रा, श्री गिरीश रामेटेके, श्री अजीतेश पाण्डेय, श्री एस.एस. पैकरा, श्री डी.पी. तिवारी, श्री बी.एस. बरिहा, श्री मनीष श्रीवास्तव, श्री विवेक चेलकर, श्रीमती श्रद्धा केशरवानी एवं श्री देवेन्द्र देवांगन उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त, कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) के प्रतिनिधि के रूप में श्री साकेत कुमार पाण्डेय, श्री भूपेन्द्र कुमार, श्री रोहित गुप्ता, श्री गौरव डोगरा, श्री अखिलेश राय, श्री सौरभ त्यागी, सुश्री जयंती सिंह सहित केंद्र व राज्य सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी भी सम्मिलित हुए।

  • Related Posts

    असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की विजय का शाश्वत संदेश देता है विजयादशमी का पर्व : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    *मुख्यमंत्री श्री साय ऐतिहासिक रावणभाठा मैदान में आयोजित विजयादशमी उत्सव में हुए शामिल, प्रदेशवासियों को दी दशहरा पर्व की शुभकामनाएं*   *प्रभु श्रीराम से छत्तीसगढ़ का गहरा आत्मीय नाता, माता…

    Read more

    रायपुर–कुरूद यात्री रेल सेवा शुरू, धमतरी जिले में रेल कनेक्टिविटी के विस्तार को मिली नई गति

    केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव व मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिखाई हरी झंडी, जिले के सिर्री, चटौद और कुरूद स्टेशन होंगे लाभान्वित   अब क्षेत्रवासियों की निगाहें कुरूद से…

    Read more

    NATIONAL

    बसपा में आकाश आनंद के प्रचार कार्यक्रम पर मायावती की मुहर, अब ईशान संभालेंगे चुनाव प्रबंधन की जिम्मेदारी

    बसपा में आकाश आनंद के प्रचार कार्यक्रम पर मायावती की मुहर, अब ईशान संभालेंगे चुनाव प्रबंधन की जिम्मेदारी

    संघ के 101वें वर्ष में प्रवेश पर कहलगांव में विजयादशमी उत्सव, स्वयंसेवकों ने किया पथ संचलन

    संघ के 101वें वर्ष में प्रवेश पर कहलगांव में विजयादशमी उत्सव, स्वयंसेवकों ने किया पथ संचलन

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?