Ro no D15139/23

सालों से टपकती छत और असुरक्षा से मिली मुक्ति, हजारों परिवारों को मिला नया पक्का घर

2016 से अब तक 1.12 लाख से अधिक प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना स्वीकृत, लगभग 83 हजार मकानों का निर्माण पूर्ण

  खपरे की छत, बारिश में टपकता पानी, सर्प-बिच्छुओं का खतरा और आर्थिक तंगी इन समस्याओं के बीच वर्षों तक ग्रामीण परिवार पक्के आवास का सपना संजोए बैठे थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गरीबों को सुरक्षित और पक्का आवास प्रदान करने के संकल्प के साथ प्रधानमंत्री आवास योजना लागू हुई, जिसने देशभर के लाखों परिवारों के जीवन में स्थायी परिवर्तन लाया है। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस योजना को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए अपने प्रथम कैबिनेट में ही 18 लाख प्रधानमंत्री आवासों को मंजूरी प्रदान की थी। जिसका क्रिनावयन तेजी से प्रदेश में किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का तेजी से हो रहा क्रियान्वयन
छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस पर रायपुर से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअली 13,000 हितग्राहियों को नए घरों का महागृह प्रवेश कराया। यह उन परिवारों के लिए वर्षों पुराने सपने के पूरे होने जैसा क्षण था, जो लगातार कच्चे मकान की दिक्कतों से जूझ रहे थे। जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत 2016 से वित्तीय वर्ष 2025- 26 तक 1,12,506 आवास स्वीकृत हुए, जिनमें से 82,881 मकान पूर्ण हो चुके हैं। इसी तरह वर्ष 2024 से वित्तीय वर्ष 2025- 26 तक स्वीकृत 50,722 आवासों में से 23,970 का निर्माण पूरा हो गया है। पीएम जन मन योजना के अंतर्गत 2,038 आवास स्वीकृत हुए, जिनमें से 984 मकान पूर्ण कर लिए गए हैं।
गरीबों को सपना हो रहा सच, मिल रहा पक्का आवास
जिले में निवासरत हजारों गरीब परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत पक्का मकान प्रदान किया गया है, जिससे वे सम्मानपूर्वक  और सुरक्षित जीवन जी रहे हैं, इनमें से मनोरा विकासखंड के ग्राम बुमतेल के श्री लखन उरांव वर्षों तक कच्चे मकान में रहते थे। बरसात में छत से पानी टपकना, तेज हवा-ठंड में बच्चों को सुरक्षित रखना और बार-बार मरम्मत करवाना उनकी रोजमर्रा की समस्या थी। प्रधानमंत्री आवास योजना से मिला पक्का घर उनके लिए राहत की सांस लेकर आया। समय पर निर्माण पूरा होने के बाद आज उनका परिवार सुरक्षित, स्थायी और सम्मानजनक घर में रह रहा है। इसी तरह ग्राम बाधरकोना के श्री मणि भूषण मिंज बताते हैं कि पक्का मकान मिलने से उनका जीवन पूरी तरह बदल गया। बरसात में दीवारें गीली होने का डर, छत से पानी टपकना और सांप-बिच्छुओं से खतरा अब नहीं रहा। अब उनका परिवार नए घर में सुरक्षित और खुशहाल जीवन जी रहा है।
पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाली विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए यह योजना किसी वरदान से कम नहीं। कड़ाके की ठंड और विषैले जीवों के खतरे के बीच कच्चे घरों में रहना बेहद कठिन था। पक्का आवास मिलने के बाद इन परिवारों ने पहली बार सुरक्षित और स्थायी जीवन का अनुभव किया है। इनमें से बगीचा विकासखंड के ग्राम पंड्रापाठ के श्री पहारु राम को पीएम जनमन योजना के अंतर्गत आवास स्वीकृत हुआ। समय पर राशि और सामग्री मिलने से उनका घर शीघ्र तैयार हो गया। श्री पहारु राम कहते है यह घर हमारे लिए जीवन की सबसे बड़ी खुशी है। अब मेरा परिवार मौसम की मार से सुरक्षित है। यह सिर्फ मकान नहीं, सुरक्षा और सम्मान की नई पहचान है।

  • Related Posts

    आजादी के बाद पहली बार रावघाट तक पहुँचेगी रेल, छत्तीसगढ़ के विकास में जुड़ेगा नया ऐतिहासिक अध्याय : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    मुख्यमंत्री श्री साय की उपस्थिति में 20 अक्टूबर को ताड़ोकी – रावघाट एवं अभनपुर – कुरूद ब्रॉडगेज रेल लाइन का होगा उद्घाटन*   *रावघाट – रायपुर एवं रायपुर – कुरूद…

    Read more

    माता की भक्ति में रमे उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, हाथों में मंजीरा लेकर ग्रामीणों के साथ गाए जसगीत

    कबीरधाम के कोडार गांव में देर रात दुर्गा पूजन एवं ज्योति कलश पूजन में हुए शामिल, माता के दर्शन कर लिया आशीर्वाद*   *ग्रामीणों के साथ भक्ति रस में झूमे…

    Read more

    NATIONAL

    बसपा में आकाश आनंद के प्रचार कार्यक्रम पर मायावती की मुहर, अब ईशान संभालेंगे चुनाव प्रबंधन की जिम्मेदारी

    बसपा में आकाश आनंद के प्रचार कार्यक्रम पर मायावती की मुहर, अब ईशान संभालेंगे चुनाव प्रबंधन की जिम्मेदारी

    संघ के 101वें वर्ष में प्रवेश पर कहलगांव में विजयादशमी उत्सव, स्वयंसेवकों ने किया पथ संचलन

    संघ के 101वें वर्ष में प्रवेश पर कहलगांव में विजयादशमी उत्सव, स्वयंसेवकों ने किया पथ संचलन

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    भारत की इस नदी को क्यों कहा जाता है पुरुष नदी, जानिए क्या है इसकी कहानी

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    ‘रिजीम चेंज’ की बहस: लोकतांत्रिक असहमति या सत्ता-विरोधी साजिश?

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    रूस से तेल खरीदने पर भारत पर कोई टैरिफ नहीं, ट्रंप ने 100% टैरिफ लगाने वाले कानून पर लगाई रोक

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?

    भारत में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया जाना क्या कानूनी था?