
जगदलपुर, 21 सितम्बर 2026/ छत्तीसगढ़ शासन के समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित ‘मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना’ के तहत बस्तर जिले के वरिष्ठ नागरिकों, विधवा एवं परित्यक्त महिलाओं को देश के प्रमुख धार्मिक व ऐतिहासिक स्थलों के दर्शन कराने की पूरी तैयारी कर ली गई है। इस संबंध में जिला प्रशासन द्वारा आगामी यात्राओं का विस्तृत कार्यक्रम और निकायवार लक्ष्य निर्धारित करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
योजना के अंतर्गत आगामी महीनों में तीन प्रमुख यात्राएं आयोजित की जाएंगी, जिसकी शुरुआत गंगासागर, बिरला मंदिर और कालीघाट (कोलकाता) दर्शन से होगी। यह चार दिवसीय यात्रा 06 अक्टूबर से 09 अक्टूबर तक संचालित की जाएगी, जिसमें बस्तर जिले से कुल 374 हितग्राही एवं उनके सहायक तथा व्यवस्था संचालन हेतु 9 शासकीय अनुरक्षक, यानी कुल 383 सदस्य शामिल होंगे। इस यात्रा के लिए पात्र हितग्राहियों के पूर्ण आवेदन आवश्यक दस्तावेजों सहित 25 सितंबर तक उपसंचालक, समाज कल्याण कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इसी क्रम में दूसरी यात्रा 10 नवंबर से 15 नवंबर तक अमृतसर, स्वर्ण मंदिर, वैष्णोमाता मंदिर एवं वाघा बॉर्डर के लिए आयोजित होगी, जिसके लिए पात्र हितग्राहियों की सूची भेजने की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर तय की गई है। वहीं तीसरी कड़ी में 27 नवंबर से 01 दिसंबर के मध्य बोधगया, सारनाथ एवं नालंदा के तीर्थ स्थलों का भ्रमण कराया जाएगा, जिसके आवेदन 16 नवंबर तक अनिवार्य रूप से जमा करने होंगे।
प्रशासन ने यात्रा व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए जिले के सभी नगरीय निकायों और जनपद पंचायतों को निश्चित कोटा आवंटित किया है। गंगासागर यात्रा के लिए नगर निगम जगदलपुर से सर्वाधिक 61 हितग्राही और एक शासकीय कर्मचारी का चयन होगा, जबकि जनपद पंचायत जगदलपुर, बस्तर व बकावंड से 48-48 हितग्राहियों को शामिल किया जाएगा। इसके अतिरिक्त लोहंडीगुड़ा से 36, तोकापाल से 37, बास्तानार से 33, दरभा से 33 तथा नगर पंचायत बस्तर से 30 हितग्राहियों का कोटा तय किया गया है, जिनके साथ प्रत्येक निकाय से एक-एक शासकीय अनुरक्षक भी दल में रहेगा। नगर निगम आयुक्त, सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों, मुख्य नगर पालिका अधिकारी और समाज शिक्षा संगठकों को योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए हैं, ताकि सुदूर अंचलों के भी वास्तविक पात्र हितग्राही समय-सीमा में आवेदन कर इस पुनीत योजना का लाभ उठा सकें।









