
TMC: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में शनिवार तड़के तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास के बाहर जमकर हंगामा हुआ. बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के समर्थकों पर उनके घर और पार्टी कार्यालय पर हमला करने का आरोप लगाया है. उन्होंने दावा किया कि यह पिछले छह महीनों में उनकी जान लेने की सातवीं कोशिश है. घटना के बाद इलाके में पुलिस बल तैनात किया गया.
रात 2 बजे हमले का आरोप, X पर वीडियो साझा किया
अभिषेक बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दो वीडियो साझा करते हुए आरोप लगाया कि दो दिनों तक उनके आवास और कार्यालय की रेकी करने के बाद रात करीब 2 बजे हमला किया गया. उनके साझा किए गए एक वीडियो में एक व्यक्ति इमारत के गेट पर बांस से वार करता दिखाई देता है. दूसरे वीडियो में कुछ लोग परिसर के अंदर वस्तुएं फेंकते नजर आ रहे हैं. हालांकि, इन वीडियो के आधार पर हमलावरों की राजनीतिक पहचान की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
6 महीने में 7वीं बार जान लेने की कोशिश!
डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी ने कहा कि एक निर्वाचित सांसद के घर पर इस तरह की घटना हो सकती है, तो आम लोगों की सुरक्षा का अंदाजा लगाया जा सकता है. उन्होंने पुलिस और न्यायपालिका पर भी कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया. बनर्जी के मुताबिक, पिछले छह महीनों में उनकी जान लेने की यह सातवीं कोशिश है. यह उनका दावा है, जिसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
BJP और TMC समर्थकों के बीच भिड़ंत
घटना के दौरान अभिषेक बनर्जी के आवास के बाहर BJP और TMC समर्थकों के बीच झड़प की खबर है. पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, रात करीब 2 बजे से 3:30 बजे के बीच दो गुटों के बीच कई बार टकराव हुआ. इस दौरान आठ लोगों के घायल होने की सूचना है, जबकि कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया. पुलिस ने बताया कि स्थिति को नियंत्रण में कर लिया गया है और इलाके में अतिरिक्त बल तैनात है. पुलिस ने झड़प में शामिल पक्षों को लेकर किसी पार्टी का नाम नहीं लिया है.
पुलिस के साथ भी हुई बहस, धरने पर बैठे अभिषेक
घटना के बाद अभिषेक बनर्जी की पुलिस अधिकारियों के साथ भी बहस हुई. उन्होंने अपने आवास के बाहर कुछ देर धरना दिया. रिपोर्टों के मुताबिक, वह शनिवार सुबह करीब 6:30 बजे तक वहां बैठे रहे. इसके बाद पुलिस के हस्तक्षेप से वह अपने घर के अंदर गए. बनर्जी ने आरोप लगाया कि पुलिस की मौजूदगी के बावजूद उनके घर के बाहर हमला हुआ और कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल उठाए.
दो दिन से निगरानी किए जाने का भी लगाया था आरोप
इस घटना से पहले अभिषेक बनर्जी ने शुक्रवार को X पर एक अन्य पोस्ट में दावा किया था कि कुछ अज्ञात लोग दो दिनों से उनके आवास और कार्यालय की रेकी कर रहे थे. उन्होंने एक मोटरसाइकिल का रजिस्ट्रेशन नंबर साझा करते हुए कहा था कि पूछताछ करने पर उन लोगों ने खुद को पुलिसकर्मी बताया. बनर्जी ने सवाल उठाया कि एक निर्वाचित सांसद के घर और कार्यालय की निगरानी किसके आदेश पर की जा रही थी. उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, केंद्रीय गृह मंत्रालय, कोलकाता पुलिस और पश्चिम बंगाल पुलिस से मामले की जांच कराने की मांग की थी.
BJP का रिएक्शन
घटना को लेकर BJP की ओर से भी प्रतिक्रिया सामने आई है. हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, बंगाल के पंचायत मंत्री दिलीप घोष ने कहा कि उन्हें घटना की पूरी जानकारी नहीं है, लेकिन उन्होंने सुना है कि अभिषेक बनर्जी के जन्मदिन समारोह के दौरान यह विवाद हुआ. उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन के लिए सड़क के बजाय हॉल का इस्तेमाल किया जा सकता था. वहीं, पुलिस ने झड़प में शामिल लोगों को लेकर किसी राजनीतिक दल की पुष्टि नहीं की है.






