
*महतारी वंदन योजना के तहत हर महीने मिलने वाली एक हजार रुपए की राशि बन रही आर्थिक आत्मनिर्भरता का आधार*
*महतारी वंदन और प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से बदली जिंदगी, सुकमतिया बैगा ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति जताया आभार*
रायपुर, 09 अक्टूबर 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं प्रदेश की महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से संचालित महतारी वंदन योजना आज लाखों महिलाओं के लिए आर्थिक संबल और आत्मविश्वास का आधार बन रही है। विष्णु भैया के सुशासन में महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और स्वावलंबन को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जा रही है। हर महीने मिलने वाली एक हजार रुपए की सहायता राशि से महिलाएं न केवल अपनी छोटी-बड़ी जरूरतों को पूरा कर रही हैं, बल्कि बच्चों की शिक्षा, परिवार की खुशहाली और बेहतर भविष्य के सपनों को भी साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के गौरेला विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत धनौली के ढाढ़ीपारा में रहने वाली श्रीमती सुकमतिया बैगा की कहानी भी राज्य सरकार की इसी संवेदनशील और जनहितैषी पहल का उदाहरण है। महतारी वंदन योजना ने उनके जीवन में आर्थिक सहयोग के साथ नई उम्मीद जगाई है। योजना के अंतर्गत उन्हें 32वीं किस्त की राशि प्राप्त हो चुकी है। नियमित रूप से मिलने वाली इस आर्थिक सहायता से परिवार की दैनिक आवश्यकताओं को पूरा करने में उन्हें काफी मदद मिल रही है।
*बच्चों की पढ़ाई में मददगार बनी महतारी वंदन की राशि*
सुकमतिया बैगा के लिए महतारी वंदन योजना से मिलने वाली एक हजार रुपए की राशि विशेष महत्व रखती है। वे इस राशि का उपयोग अपने बच्चों की पढ़ाई-लिखाई के लिए कॉपी, पेन और अन्य आवश्यक शैक्षणिक सामग्री खरीदने में करती हैं। इसके साथ ही परिवार की रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में भी यह राशि उपयोगी साबित हो रही है। बच्चों की शिक्षा के प्रति उनकी जागरूकता और योजना की राशि का सदुपयोग यह दर्शाता है कि राज्य सरकार की यह पहल केवल वर्तमान जरूरतों को पूरा करने तक सीमित नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य की नींव रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
*विष्णु भैया के सुशासन में महिलाओं को मिल रहा सम्मान और आर्थिक संबल*
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की सरकार में महतारी वंदन योजना महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बनकर उभरी है। योजना के माध्यम से महिलाओं के बैंक खातों में सीधे आर्थिक सहायता पहुंचने से उन्हें अपनी व्यक्तिगत और पारिवारिक जरूरतों को पूरा करने में सहयोग मिल रहा है। विशेषकर ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाओं के लिए यह सहायता राशि काफी उपयोगी साबित हो रही है।
सुकमतिया बैगा जैसी महिलाओं की सफलता की कहानियां बताती हैं कि विष्णु भैया के सुशासन में जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ गांवों और दूरस्थ अंचलों तक पहुंच रहा है। राज्य सरकार का प्रयास है कि महिलाओं को आर्थिक सुरक्षा के साथ सम्मानजनक जीवन जीने और परिवार के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने के अवसर प्राप्त हों।
*उज्ज्वला योजना से रसोई हुई सुविधाजनक, महतारी वंदन से परिवार को मिला सहारा*
सुकमतिया बैगा को महतारी वंदन योजना के साथ प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का लाभ भी प्राप्त हुआ है। उज्ज्वला योजना के अंतर्गत गैस कनेक्शन मिलने से उन्हें रसोई के कामकाज में सुविधा हुई है। वहीं महतारी वंदन योजना से प्राप्त आर्थिक सहायता बच्चों की शिक्षा और घरेलू जरूरतों को पूरा करने में मददगार बन रही है। केंद्र और राज्य सरकार की इन दोनों जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिलने से उनके परिवार के दैनिक जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आया है।
*प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के प्रति जताया आभार*
श्रीमती सुकमतिया बैगा ने महतारी वंदन योजना की 32वीं किस्त प्राप्त होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया है। उन्होंने बताया कि महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि बच्चों की पढ़ाई और घर की आवश्यकताओं को पूरा करने में सहायक बन रही है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से गैस कनेक्शन मिलने के कारण रसोई के कार्य भी सुविधाजनक हुए हैं।
सुकमतिया बैगा की यह कहानी बताती है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं किस प्रकार ग्रामीण महिलाओं के जीवन में बदलाव का माध्यम बन रही हैं। महतारी वंदन योजना से मिलने वाली आर्थिक सहायता जहां महिलाओं को आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ा रही है, वहीं बच्चों की शिक्षा और परिवार की खुशहाली में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। विष्णु भैया के सुशासन में महिला सशक्तिकरण का संकल्प गांव-गांव तक पहुंचकर सुकमतिया बैगा जैसी महिलाओं के जीवन में नई उम्मीद और खुशियों का आधार बन रहा है









