जशपुरनगर 27 अक्टूबर 2026/ कलेक्ट्रेट कार्यालय में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे आम नागरिकों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं, मांगों एवं शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुना। उन्होंने नागरिकों द्वारा प्रस्तुत आवेदनों का अवलोकन करते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्राप्त प्रकरणों का नियमानुसार परीक्षण कर समय-सीमा के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जनदर्शन के माध्यम से आम नागरिकों को अपनी समस्याएं सीधे जिला प्रशासन के समक्ष रखने का अवसर मिला।
कलेक्टर श्री व्यास ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनदर्शन में प्राप्त प्रत्येक आवेदन को प्राथमिकता के साथ लेते हुए उस पर आवश्यक कार्रवाई की जाए। जिन प्रकरणों में विभागीय जांच, स्थल निरीक्षण अथवा अन्य आवश्यक प्रक्रिया की जरूरत है, उनमें नियमानुसार कार्रवाई करते हुए आवेदकों को राहत दिलाने का प्रयास किया जाए। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं के निराकरण में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए तथा प्रत्येक प्रकरण की प्रगति पर संबंधित अधिकारी नियमित रूप से निगरानी रखें।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आम नागरिकों की समस्याओं का समाधान संवेदनशीलता, पारदर्शिता एवं जवाबदेही के साथ किया जाना आवश्यक है। आवेदकों को उनके आवेदन पर की गई कार्रवाई की जानकारी भी समय पर उपलब्ध कराई जाए, ताकि उन्हें प्रकरण की वर्तमान स्थिति से अवगत होने के साथ ही प्रशासनिक कार्यवाही के संबंध में स्पष्ट जानकारी मिल सके। कलेक्टर ने विशेष रूप से ऐसे मामलों पर ध्यान देने के निर्देश दिए, जिनमें आम नागरिकों को लंबे समय से समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
जनदर्शन के दौरान कुल 43 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें राजस्व संबंधी प्रकरणों, साफ-सफाई एवं मूलभूत सुविधाओं, सड़क एवं अन्य अधोसंरचना निर्माण, आजीविका से जुड़े विषयों तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने सहित अन्य समस्याओं और मांगों से संबंधित आवेदन शामिल रहे। कलेक्टर ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवेदनों की प्रकृति के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करने, पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं से लाभान्वित करने तथा प्रत्येक प्रकरण का नियमानुसार निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन द्वारा जनदर्शन के माध्यम से नागरिकों की समस्याओं के समाधान, प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता तथा आम जनता और प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
43 आवेदनों पर गंभीरतापूर्वक विचार, समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने अधिकारियों को दिए निर्देश’









