
कांग्रेस सांसद शशि थरूर एक बार फिर चर्चा में हैं. राहुल गांधी की अध्यक्षता वाली अहम बैठक में उनकी गैरमौजूदगी पर सवाल उठने लगे हैं. अब उनके नहीं जाने के बाद कई सवाल भी खड़ें होने लगे हैं.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और तिरुवनंतपुरम से सांसद शशि थरूर एक बार फिर सुर्खियों में हैं. कांग्रेस सांसदों की वह अहम बैठक, जिसकी अध्यक्षता राहुल गांधी ने की, उसमें थरूर उपस्थित नहीं हुए. हालांकि पार्टी सूत्रों का कहना है कि उन्होंने अपनी गैरमौजूदगी की जानकारी पहले ही दे दी थी. थरूर के साथ ही चंडीगढ़ से कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी भी बैठक से नदारद रहे.
कोलकाता में कार्यक्रम के चलते नहीं पहुंच पाए थरूर
थरूर की सोशल मीडिया एक्स टाइमलाइन के अनुसार, वे बीती रात प्रभा खेतान फाउंडेशन द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए कोलकाता में थे. यह पहली बार नहीं है जब थरूर पार्टी की किसी बड़ी बैठक में शामिल नहीं हो पाए हों. इससे पहले भी 1 दिसंबर को हुई पार्टी की रणनीतिक बैठक से उनकी गैरहाज़िरी चर्चा में आई थी. तब थरूर ने स्पष्ट किया था कि वे बैठक के समय केरल से लौट रहे विमान में थे.
सोनिया गांधी की बैठक से भी रहे थे अनुपस्थित
सोनिया गांधी की अध्यक्षता में हुई कांग्रेस की एक महत्वपूर्ण बैठक, जिसमें शीतकालीन सत्र की रणनीति पर चर्चा होनी थी, उसमें भी थरूर दिखाई नहीं दिए. थरूर के कार्यालय का कहना था कि वे अपनी 90 वर्षीय मां के साथ यात्रा कर रहे थे, जिससे उनके लिए बैठक तक समय पर पहुंचना संभव नहीं हो पाया. इसी बैठक में कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल भी केरल में स्थानीय निकाय चुनाव प्रचार के कारण शामिल नहीं हो सके थे.







