Ro no D15139/23

आंतरिक भ्रष्टाचार से खस्ताहाल हुई पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था : रिपोर्ट

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की ओर से हाल में जारी की गई एक रिपोर्ट में बताया गया कि पाकिस्तान की खस्ताहाल आर्थिक स्थिति की वजह आंतरिक विफलताएं हैं। इसमें बाहरी दबाव का कोई योगदान नहीं है।

पड़ोसी देश के अग्रेजी अखबार पाकिस्तान ऑब्जर्वर की वेबसाइट पर दी गई जानकारी में बताया गया कि भ्रष्टाचार, कमजोर संस्थाएं और स्थानीय स्तर पर शक्तिशाली लोगों के स्वार्थ ने देश को आर्थिक बदहाली की ओर धकेल दिया है।

आईएमएफ के मुताबिक, पाकिस्तान में भ्रष्टाचार शासन के लगभग हर स्तर को प्रभावित करता है। नीति-निर्माण अकसर प्रभावशाली समूहों द्वारा नियंत्रित होता है जो सरकारी संस्थाओं का इस्तेमाल निजी लाभ के लिए करते हैं।

रिपोर्ट में कहा गया कि पाकिस्तान में भ्रष्टाचार को मापने का कोई सही सिस्टम नहीं है। वहां के नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो ने बीते दो वर्षों में 5,300 अरब रुपए की रिकवरी की है।

आईएमएफ का कहना है कि यह आंकड़ा असली से काफी छोटा है। यह दिखाता है कि पाकिस्तान में भ्रष्टाचार की जड़े कहां तक फैली हुई हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, भ्रष्टाचार का आम लोगों को अपने दैनिक जीवन में करीब हर दिन सामना करना पड़ता है, जिससे सरकारी संस्थाओं में आम जनता का विश्वास कम होता जा रहा है।

आईएमएफ 2019 के चीनी संकट के जरिए पाकिस्तान की स्थिति को समझाया। जहां प्रभावशाली व्यावसायिक नेटवर्क ने चीनी की जमाखोरी की, कीमतें बढ़ा दीं और फर्जी खातों के माध्यम से अरबों डॉलर स्थानांतरित किए, जबकि सरकार ने उन्हें रोकने के लिए कुछ नहीं किया।

ऐसे घोटालों के अलावा, आईएमएफ की रिपोर्ट जटिल कर प्रणाली, कमजोर वित्तीय प्रबंधन, अपारदर्शी सरकारी खरीद प्रक्रियाओं और सार्वजनिक संस्थानों के खराब प्रदर्शन जैसे गहरे संरचनात्मक मुद्दों को उजागर करती है।

अगर पाकिस्तान गंभीर प्रशासनिक सुधारों को लागू करता है, तो वह अगले पांच वर्षों में 5 से 6.5 प्रतिशत से अधिक की जीडीपी वृद्धि दर्ज कर सकता है।

आईएमएफ की रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि पाकिस्तान में भ्रष्टाचार कोई नई बात नहीं है। नागरिक और सैन्य, दोनों सरकारों ने सुधारों का वादा किया है, लेकिन दुरुपयोग के नए रूप भी पैदा किए हैं।

  • Related Posts

    विदेशी मां का बेटा… ,रसूखदार को सजा नहीं… शनिदेव का न्याय…. लपेटे में राहुल गांधी… वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी….

    *दो बातें, बेहद महत्वपूर्ण। एक तो ये कि ‘चाणक्य ने कहा था कि कोई विदेशी मां का बेटा कभी भारत के प्रति वफादार नहीं हो सकता’। दूसरी बात जो आम…

    Read more

    बंगाल के सिंहासन को लहू सिंचती भी है और प्लावन कर कुशासन को जड़ समेत निर्मूल भी।

    जाने पश्चिम बंगाल की सियासत की तासीर ऐसी क्यों है। 1905 से शुरू कर 1946 के डाइरेक्ट एक्शन की बात हो या 1977 के बाद से 2021 तक। इस बंगाल…

    Read more

    NATIONAL

    विदेशी मां का बेटा… ,रसूखदार को सजा नहीं… शनिदेव का न्याय…. लपेटे में राहुल गांधी… वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी….

    विदेशी मां का बेटा… ,रसूखदार को सजा नहीं… शनिदेव का न्याय…. लपेटे में राहुल गांधी… वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी….

    बंगाल के सिंहासन को लहू सिंचती भी है और प्लावन कर कुशासन को जड़ समेत निर्मूल भी।

    बंगाल के सिंहासन को लहू सिंचती भी है और प्लावन कर कुशासन को जड़ समेत निर्मूल भी।

    जो डर गया वो मर गया, जो डरा नहीं वो जीत गया : जय बांग्ला !

    जो डर गया वो मर गया, जो डरा नहीं वो जीत गया : जय बांग्ला !

    ट्रंप के ‘होर्मुज’ दावे पर भड़का ईरान; कहा- 1 घंटे में बोले 7 झूठ, अब हमारी मर्जी से चलेंगे जहाज

    ट्रंप के ‘होर्मुज’ दावे पर भड़का ईरान; कहा- 1 घंटे में बोले 7 झूठ, अब हमारी मर्जी से चलेंगे जहाज

    पटना में एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के ठिकानों पर SVU की रेड, करोड़ों की संपत्ति का मामला

    पटना में एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के ठिकानों पर SVU की रेड, करोड़ों की संपत्ति का मामला

    योगी के बयान पर मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी की कड़ी आपत्ति

    योगी के बयान पर मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी की कड़ी आपत्ति