
अहमदाबाद । गुरुवार को हुए विमान हादसे में अब तक 270 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है. लेकिन अब तक विमान हादसे की वजह का पता नहीं चल सका है. हालांकि अहमदाबाद से लंदन जा रहे एअर इंडिया के विमान का ब्लैक बॉक्स बरामद कर लिया गया है, जिससे क्रैश से पहले पायलट और एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) के बीच हुई बातचीत का पता चल सकेगा.
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक विमान के पायलट ने प्लेन क्रैश होने से चंद सेकंड पहले विमान को थ्रस्ट नहीं मिलने की बात कही थी और इसके बाद विमान के गिरने की बात एटीसी को बताई थी. पायलट ने यह भी बताया कि कम्युनिकेशन लाइन बहुत कमजोर है. इसके बाद MAYDAY का लास्ट मैसेज दिया. एटीसी इस पर कुछ रिस्पॉन्ड कर पाता, उससे पहले विमान हादसे का शिकार हो गया.
एअर इंडिया के पायलट की तरफ से एटीसी को भेजे गए मैसेज से यह साफ संकेत मिलता है कि विमान में कुछ गड़बड़ी हुई थी, क्योंकि गुरुवार को दोपहर 1.37 बजे सरदार वल्लभभाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरने के बाद विमान संख्या AI171 दुर्घटनाग्रस्त हो गया था. विमान करीब 400 फीट की ऊंचाई से जमीन पर आ गिरा.
विमान में सवार सिर्फ एक यात्री जीवित
लंदन के गैटविक एयरपोर्ट के लिए उड़ान भरने वाले इस विमान में 242 लोग सवार थे, जिसमें 230 यात्री, दो पायलट और 10 क्रू मेंबर शामिल थे. इनमें से 241 की मौत की पुष्टि हो चुकी है. भारतीय मूल के ब्रिटिश नागरिक रमेश विश्वास कुमार एकमात्र ऐसे व्यक्ति हैं जो विमान में सवार थे और जीवित बचकर निकले हैं. फिलहाल अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है और वह खतरे से बाहर हैं.
क्यों अहम है ब्लैक बॉक्स
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने कहा कि विमान हादसे और घटनाओं की जांच करने वाले विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) ने हादसे के 28 घंटे बाद विमान का ब्लैक बॉक्स बरामद कर लिया है. विमान की टेल के पास लगा नारंगी रंग की यह डिवाइस हादसे की जांच में मदद करेगा, क्योंकि इसमें पायलट और एटीसी के बीच हुई हर बातचीत रिकॉर्ड होती है, जिससे प्लेन क्रैश होने से ठीक पहले के कम्युनिकेशन के बारे में जानकारी हासिल हो सकेगी.







