
अति हर्ष एवं उल्लास के साथ यह महत्वपूर्ण सन्देश प्रेषित किया जा रहा है की विहंगम योग संत समाज के 102वे वार्षिक उतत्सव क़ो इस वर्ष समर्पण दीप अध्यात्म महोत्सव के रूप में दिनांक 25एवं 26नवंबर 2025(मार्गशीर्ष शुक्ल पंचमी षष्ठी )क़ो स्वर्वेद महामंदिर धाम उमरहाँ वाराणसी में बहुत ही भव्यता एवं दिव्यता के साथ मनाया जायेगा। इस पावन अवसर पर विशालतम 25000कुण्डीय स्वर्वेद ज्ञान महायज्ञ का बृहद आयोजन किया जायेगा.।
इसी पावन तिथि पर विहंगम योग के प्रणेता अनंत श्री सदगुरु सदाफल देव जी महाराज नें मानवमात्र के कल्याणार्थ बलिया (उत्तर प्रदेश )के पकड़ी ग्राम स्तिथ वृत्तिकूट आश्रम में लक्ष्यआहुति -यज्ञ के पश्चात् वर्ष 1924 ई. में ब्राह्मविद्या विहंगम योग के प्रचार के निमित्त संत समाज की स्थापना की थी.। यह संत समाज के स्थापना दिवस का पावन पर्व है जिसे हम वार्षिक उत्सव के रूप में मनाते चले आ रहे है।
यह परम सौभाग्य का विषय है की उक्त आयोजन के निमित्त संत प्रवर विज्ञानं देव जी महाराज इस पुनीत संकल्प अभियान के साथ स्वयं आपके क्षेत्र में पधारने जा रहे है। संत प्रवर श्री की संगीतमयी जय स्वर्वेद का विमल ज्ञान प्रवाहित कर देती है उनके सानिध्य में विहंगम योग ध्यान साधना हमें सहज़ ही दिव्य अनुभवों की ओर ले चलती है।
संत प्रवर श्री विज्ञानंदेव जी महाराज जी का कश्मीर से कन्याकुमारी तक स्वर्वेद सन्देश यात्रा लगभग 50हजार किलोमीटर की दुरी तय कर छत्तीसगढ़ की पावन धरा में पहुंच चुकी है बस्तर क्षेत्र बीजापुर, दंतेवाड़ा, जगदलपुर, कोंडागांव, नारायणपुर, कांकेर जिले के बाद रायपुर संभाग में पावन पादर्पण होने जा रहा है
इसी कड़ी में रायपुर शहर में शहीद स्मारक भवन जय स्तंभ चौक में प्रातः 10बजे से दोपहर 3बजे तक संत प्रवर श्री विज्ञानं देव जी महाराज की दिव्यवाणी दर्शन सानिध्य के साथ साथ उनके कर कमलों से प्रसाद प्राप्त करने का सौभाग्य सभी संकल्पकार्ताओ क़ो मिलेगा। सेवा सत्संग और साधना की इस त्रिवेणी में हम उपस्थित होकर जीवन की सर्वांगीण विकास की ओर अग्रसर हो।








