
धान खरीदी व्यवस्था में डिजिटल तकनीक के उपयोग से किसानों को बड़ी राहत मिल रही है। किसान तुहंर टोकन ऐप के माध्यम से किसान अब घर बैठे टोकन काटकर आसानी से धान का विक्रय कर पा रहे हैं, जिससे समय की बचत के साथ-साथ अनावश्यक परेशानी से भी निजात मिली है।
अम्बिकापुर विकासखंड के ग्राम पंचायत पोड़ीखुर्द के किसान बंटेश्वर, पिता बदरी टेकाम, ने बताया कि उनका कुल 257 क्विंटल धान का रकबा है। उन्होंने पहली बार धान उपार्जन केंद्र से 100 क्विंटल धान का टोकन कटाया था, जबकि दूसरी बार मोबाइल फोन के माध्यम से किसान तुहंर टोकन ऐप का उपयोग करते हुए 93 क्विंटल 60 किलो धान का टोकन काटा। डिजिटल टोकन व्यवस्था से धान विक्रय की प्रक्रिया बेहद सरल हो गई और टोकन के लिए समिति आना नहीं पड़ा।
किसान बंटेश्वर ने बताया कि धान खरीदी केंद्र पहुंचते ही नमी परीक्षण, बारदाना उपलब्धता एवं समयबद्ध खरीदी की सुविधा मिल रही है। पूरी व्यवस्था सुव्यवस्थित है और उन्हें किसी भी प्रकार की किसानों को परेशानी का सामना नहीं करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सरकार में किसानों को धान का सर्वाधिक समर्थन मूल्य 3100 रुपये प्रति क्विंटल मिल रहा है, जिससे किसानों को पहले की तुलना में कहीं अधिक लाभ हो रहा है। पहले कम मूल्य के कारण जो नुकसान होता था, उसकी भरपाई अब बेहतर दाम मिलने से हो रही है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष धान विक्रय से प्राप्त राशि से उन्होंने ट्रैक्टर खरीदा था, जिससे खेती-बाड़ी का कार्य और अधिक सुगम हो गया है।
किसान बंटेश्वर ने बताया कि वे मुख्य रूप से खेती-किसानी करते हैं तथा सीजन के अनुसार गेहूं,दाल एवं अन्य फसलों की खेती भी करते हैं। धान उपार्जन केंद्रों में पारदर्शी, सरल एवं समयबद्ध व्यवस्था पर उन्होंने पूरी तरह संतुष्ट जाहिर की।
उन्होंने राज्य सरकार की किसान हितैषी नीतियों की सराहना करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी के नेतृत्व में किसानों को बेहतर सुविधाएं और फसल का उचित मूल्य मिल रहा है, जिसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का हृदय से आभार व्यक्त किया।









