Ro no D15139/23

बाल अधिकारों को मिलेगी नई मजबूती: राज्य बाल संरक्षण नीति–2025 के ड्राफ्ट पर मंथन

रायपुर, 06 जनवरी 2026 (IMNB NEWS AGENCY)
छत्तीसगढ़ में बच्चों के संरक्षण, अधिकारों की सुरक्षा और उनके सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आज रायपुर में छत्तीसगढ़ राज्य बाल संरक्षण नीति–2025 के ड्राफ्ट प्रारूप को अंतिम रूप देने हेतु राज्य स्तरीय परामर्श कार्यशाला का आयोजन किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा यूनिसेफ (UNICEF) के सहयोग से आयोजित यह कार्यशाला एक सुदृढ़, समन्वित एवं अधिकार-आधारित बाल संरक्षण तंत्र विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम रही।

कार्यशाला में नीति के मसौदे पर विशेषज्ञों, हितधारकों एवं विभागीय अधिकारियों से अंतिम सुझाव प्राप्त किए गए। इस दौरान बाल विवाह एवं बाल श्रम की रोकथाम, अनाथ व बेसहारा बच्चों का पुनर्वास, बाल तस्करी, हिंसा, उपेक्षा, कुपोषण तथा साइबर अपराधों से बच्चों की सुरक्षा जैसे विषयों पर गहन विमर्श हुआ।

महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव श्रीमती शम्मी आबिदी ने नीति के ड्राफ्ट एवं कार्ययोजना की प्रस्तुति देते हुए बताया कि यह नीति किशोर न्याय अधिनियम, 2015, UNCRC एवं अन्य राष्ट्रीय विधिक प्रावधानों के अनुरूप, राज्य की सामाजिक व भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए तैयार की जा रही है।कार्यशाला में छत्तीसगढ़ राज्य बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने बाल अधिकारों की निगरानी, शिकायत निवारण तंत्र को सशक्त करने तथा संस्थागत एवं गैर-संस्थागत देखभाल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर बल दिया।

इस अवसर पर संयुक्त सचिव स्कूल शिक्षा श्रीमती फरिहा आलम,संचालक समाज कल्याण श्रीमती रोक्तिमा यादव, संचालक ट्रेज़री और एकाउंट श्रीमती पद्मिनी भोई साहू,संचालक महिला एवं बाल विकास डॉ . रेणुका श्रीवास्तव, यूनिसेफ की प्रतिनिधि सुश्री चेतना देसाई, कर्नाटक राज्य के प्रतिनिधि, संयुक्त संचालक श्री नन्दलाल चौधरी, उप संचालक श्रीमती नीलम देवांगन सहित स्वास्थ्य, गृह (पुलिस), श्रम, पंचायत एवं नगरीय प्रशासन विभागों के अधिकारी, SCPS/DCPS, स्वयंसेवी संस्थाएं एवं कानूनी विशेषज्ञ उपस्थित रहे।

तकनीकी सत्र में सुश्री अर्लेन मनोहरन, श्री सोनीकुट्टी जॉर्ज, श्री एम.आर. गोविंद बेनीवाल, सुश्री निमिषा श्रीवास्तव, सुश्री नूपुर पांडे, श्री चिरंजीवी जैन, श्री प्रमोद गुप्ता एवं श्री प्रभात कुमार ने नीति के प्रभावी क्रियान्वयन, बहु-विभागीय समन्वय और निगरानी व्यवस्था पर महत्वपूर्ण सुझाव दिए।

ड्राफ्ट नीति की समीक्षा हेतु प्रतिभागियों को विभिन्न समूहों में विभाजित कर गहन चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि प्राप्त सुझावों को सम्मिलित कर छत्तीसगढ़ राज्य बाल संरक्षण नीति–2025 को अंतिम रूप दिया जाएगा, जिससे यह राज्य के प्रत्येक बच्चे के लिए सुरक्षा और अधिकारों का मजबूत कवच बन सके।

  • Related Posts

    सुशासन तिहार 2026: गांव-गांव पहुंच रहा समाधान, हितग्राहियों के चेहरे पर मुस्कान

      *प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 5 हितग्राहियों को मिली मकान की चाबी, 3 श्रमिकों के बने श्रम कार्ड* रायपुर, 06 मई 2026/ “सुशासन तिहार 2026” के तहत शासन का…

    Read more

    सुशासन तिहार 2026: खूंटीटोली शिविर में 102 आवेदनों का मौके पर निराकरण

        जिला स्तरीय शिविर में 566 आवेदन प्राप्त, शेष मामलों के समयबद्ध समाधान के निर्देश रायपुर, 06 मई 2026/ मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जशपुर जिले में “सुशासन तिहार…

    Read more

    NATIONAL

    तमिलनाडु में सत्ता का रास्ता साफ? विजय की TVK को कांग्रेस का समर्थन

    तमिलनाडु में सत्ता का रास्ता साफ? विजय की TVK को कांग्रेस का समर्थन

    सत्ता छिनते ही TMC के अस्तित्व पर संकट, जानें क्यों अब ममता बनर्जी के लिए वापसी की राह है कठिन

    सत्ता छिनते ही TMC के अस्तित्व पर संकट, जानें क्यों अब ममता बनर्जी के लिए वापसी की राह है कठिन

    ईरान से डील की उम्मीद, डोनाल्ड ट्रंप ने प्रोजेक्ट फ्रीडम रोका लेकिन दबाव बरकरार

    ईरान से डील की उम्मीद, डोनाल्ड ट्रंप ने प्रोजेक्ट फ्रीडम रोका लेकिन दबाव बरकरार

    TMC का आरोप: BJP समर्थकों ने पार्टी दफ्तर पर चलाया बुलडोजर,

    TMC का आरोप: BJP समर्थकों ने पार्टी दफ्तर पर चलाया बुलडोजर,

    रायपुर ,जीजा ने दो सालियों पर चलाई गोली, इलाके में मचा हड़कप

    रायपुर ,जीजा ने दो सालियों पर चलाई गोली, इलाके में मचा हड़कप

    ध्रुवीकरण की बदली धारा, नये सितारे का उदय और वेंटिलेटर पर वामपंथ

    ध्रुवीकरण की बदली धारा, नये सितारे का उदय और वेंटिलेटर पर वामपंथ