गणतंत्र दिवस पर लालबाग में दिखी साइबर सुरक्षित बस्तर की झलक पुलिस विभाग की झांकी ने मारी बाजी

जगदलपुर के लालबाग मैदान में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस समारोह पूरी गरिमा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस भव्य समारोह का मुख्य आकर्षण विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा निकाली गई रंग-बिरंगी झांकियां रहीं, जिन्होंने बस्तर की लोक-संस्कृति, आधुनिक तकनीक और विकासात्मक योजनाओं का सजीव चित्रण किया। इस वर्ष झांकी में पुलिस विभाग ने अपनी समसामयिक और जागरूकता-परक प्रस्तुति से दर्शकों और निर्णायकों का दिल जीतते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। पुलिस विभाग की झांकी साइबर सुरक्षित रहेगा बस्तर, बढ़ेगा बस्तर की थीम पर केंद्रित थी, जिसमें आज के डिजिटल युग में बढ़ते ऑनलाइन अपराधों के प्रति नागरिकों को सचेत किया गया। इसमें फिशिंग, हैकिंग और बैंकिंग धोखाधड़ी से बचने के लिए सतर्क रहें, सुरक्षित रहें का मूल मंत्र दिया गया, जो दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना रहा ।

प्रतियोगिता में आदिवासी विकास विभाग ने दूसरा स्थान हासिल किया, जिसने बस्तर पंडुम 2026 थीम के माध्यम से बस्तर की आदिम संस्कृति को जीवंत कर दिया। इस झांकी के अग्रभाग में ग्राम देवी की प्रतीक माता डोली को पालकी के रूप में सजाया गया था और पारंपरिक वेशभूषा व आभूषणों से सुसज्जित आदिवासियों को उत्सव मनाते हुए दिखाया गया। झांकी के साथ चल रहे कलाकारों द्वारा किए गए बस्तर की पारंपरिक लोक नृत्यों ने लालबाग में उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।

तीसरे स्थान के लिए इस बार कड़ा मुकाबला देखने को मिला, जिसमें वन विभाग और जेल विभाग संयुक्त रूप से विजेता घोषित किए गए। वन विभाग ने लामनी पार्क – बस्तर की नई पहचान थीम के जरिए प्रकृति प्रेम और साहसिक पर्यटन को प्रदर्शित किया, जिसमें ब्लू एंड गोल्ड मकाऊ जैसे दुर्लभ पक्षियों के संरक्षण और एडवेंचर पार्क की गतिविधियों को खूबसूरती से उकेरा गया था। वहीं जेल विभाग ने अपनी झांकी के जरिए समाज की सोच बदलने का प्रयास किया। उनकी थीम जेल सजा नहीं, सृजन से सुधार एवं पुनर्वास थी, जिसमें यह दर्शाया गया कि जेल अब केवल सजा का स्थान नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता की प्रयोगशाला है, जहाँ कैदी काष्ठ शिल्प, सिलाई और ऑफसेट प्रिंटिंग जैसे हुनर सीखकर मुख्यधारा में लौटने की तैयारी कर रहे हैं।

विजेता विभागों के अलावा अन्य झांकियों ने भी महत्वपूर्ण सामाजिक संदेश दिए। नगर पालिक निगम ने हर घर दस्तक अभियान के तहत स्वच्छता और कचरा पृथक्करण (गीला और सूखा कचरा) के प्रति जागरूकता फैलाई। महिला एवं बाल विकास विभाग ने बाल विवाह एक सामाजिक बुराई विषय को उठाकर बालिकाओं की शिक्षा और सशक्तिकरण की वकालत की। साथ ही जल संसाधन विभाग ने मटनार बैराज परियोजना का मॉडल प्रस्तुत किया, जो बिना किसी विस्थापन के लिफ्ट सिंचाई के माध्यम से बस्तर के खेतों में हरियाली लाने के लिए संकल्पित है।

  • Related Posts

    शासन के आदेश व नियमावली के अनुसार होगी हैंडओवर की कार्यवाही

      हैंडओवर के पहले नगर निगम, आरडीए और हाउसिंग बोर्ड संयुक्त रूप से सर्वे कर व्यवस्थाओं का करेंगे आंकलन रायपुर. 17 फरवरी 2026. राज्य शासन के आदेश व नियमावली के…

    Read more

    20 फरवरी को बकावंड विकासखंड के ग्राम पंचायतों में लगेंगी चौपाल शासन के जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की होगी परख

    जगदलपुर, 17 फरवरी 2026/ जिले में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत परखने और ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए प्रशासन की एक बड़ी पहल के तौर पर…

    Read more

    NATIONAL

    अक्ल से काम लेना वरना…’, ट्रंप ने ईरान को याद दिलाया जून वाला हमला

    अक्ल से काम लेना वरना…’, ट्रंप ने ईरान को याद दिलाया जून वाला हमला

    बिहार के 8 डैम बनेंगे पर्यटन का नया हॉटस्पॉट, देखिए लिस्ट में कौन-कौन है शामिल

    बिहार के 8 डैम बनेंगे पर्यटन का नया हॉटस्पॉट, देखिए लिस्ट में कौन-कौन है शामिल

    AI Impact Summit 2026: पीएम मोदी का बड़ा संदेश, मिलकर दुनिया को देंगे टेक सॉल्यूशन

    AI Impact Summit 2026: पीएम मोदी का बड़ा संदेश, मिलकर दुनिया को देंगे टेक सॉल्यूशन

    राहुल को बृजमोहन ने बताया धोबी पछाड़, कांग्रेसी नेता चाहते हैं-राहुल हटें तो हम डटें, वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    राहुल को बृजमोहन ने बताया धोबी पछाड़, कांग्रेसी नेता चाहते हैं-राहुल हटें तो हम डटें, वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    सोने-चांदी की कीमतों में आई गिरावट, जानें 16 फरवरी के ताजा भाव

    सोने-चांदी की कीमतों में आई गिरावट, जानें 16 फरवरी के ताजा भाव

    17 फरवरी को है साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें भारत पर क्या पड़ेगा प्रभाव

    17 फरवरी को है साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें भारत पर क्या पड़ेगा प्रभाव