
Bharat Tiwari Encounter: भोजपुर में भरत तिवारी के एनकाउंटर मामले में कार्रवाई शुरू हो गई है. एनकाउंटर में शामिल पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है. भरत तिवारी की मां आशा देवी के आवेदन पर पुलिस वालों के खिलाफ घटना के छठे दिन शाहपुर थाने में हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई. इसमें जगदीशपुर के एसडीपीओ राजेश शर्मा और शाहपुर के निलंबित थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर राजेश मालाकार को नामजद किया गया है. साथ ही अन्य पुलिसकर्मियों को भी आरोपित किया गया है.
भरत की मां ने FIR में क्या दर्ज कराया?
भरत तिवारी की मां आशा देवी ने एफआईआर दर्ज कराने के दौरान पुलिसकर्मियों पर आरोप लगाया था. उन्होंने बताया कि 17 जून को जगदीशपुर पुलिस उपाधीक्षक और शाहपुर थानाध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस आई थी. जवइनिया के कटाव पीड़ितों की समस्या जानने के बहाने भरत को अपने साथ ले गए. उस वक्त भरत फेसबुक पर लाइव था.
आगे भरत की मां ने बताया कि बेटे ने हथियार जमीन पर रख दिया था और सरेंडर कर दिया था. लेकिन इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे धक्का दिया और नीचे गिरा दिया. इसके बाद एसडीपीओ के आदेश पर भरत को 5 गोलियां मारी. गोली मारने के बाद बेटे को गाड़ी पर लादकर लेकर चले गए. दूसरी तरफ उनके पति को भी थाने में बैठा दिया गया. फिर शाम में पुलिस ने सूचना दी कि उनके बेटे की मौत हो गई है. मां बयान पर ही हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई.
FIR दर्ज होने पर भरत की मां-पिता ने क्या कहा?
पुलिसकर्मियों पर प्राथमिकी दर्ज होने पर भरत की मां आशा देवी और पिता काशीनाथ तिवारी ने कहा कि सिर्फ एफआईआर दर्ज हो जाने से न्याय नहीं मिल जाएगा. उन्होंने कहा कि जगदीशपुर के एसडीपीओ राजेश शर्मा, तत्कालीन थानाध्यक्ष राजेश मालाकार, एसटीएफ जवान अक्षय कुमार समेत सभी दोषी पुलिस अधिकारियों और कर्मियों को सजा मिलने पर ही परिवार को न्याय मिलेगा. परिजनों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग दोहराई है.
बिलौटी गांव में आज होगा महापंचायत
जानकारी के मुताबिक, भरत भूषण तिवारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर बिलौटी गांव में बुधवार को विशाल महापंचायत आयोजित की जाएगी. आयोजकों का दावा है कि में बिहार के अलावा यूपी, मध्य प्रदेश, झारखंड, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना सहित कई राज्यों से लोग और करणी सेना, परशुराम महासभा, हिंदू महासभा, ब्राह्मण महासभा, हिंदू जागरण मंच और अन्य संगठनों के प्रतिनिधि भाग लेंगे.









