
इस आदि कर्मयोगी अभियान के तहत कर्मयोगी, आदि सहयोगी और साथी कैडर के द्वारा गांव विकास हेतु चर्चा कर गांव की जरूरतें क्या है, समस्याएं क्या है और आने वाले वर्षों में गांव को कहां ले जाना है, इसकी रूपरेखा तैयार करेंगे। इस अभियान के अंतर्गत हर जनजातीय बाहुल्य गांवों को अपना ट्रायबल विलेज विजन 2030 और एक्शन प्लान बनाने में मदद मिलेगी। हर गांव में आदि सेवा केंद्र भी बनाए जाएंगे जहां अधिकारी और स्थानीय लोग बैठकर गांव की छोटी-बड़ी समस्याओं का समाधान करेंगे। आदि कर्मयोगी अभियान में शासन-प्रशासन के साथ शिक्षित युवाओं, महिलाओं और प्रबुद्ध जनों की भागीदारी रहेगी। इस पूरे अभियान में शासन-प्रशासन द्वारा सबका साथ-सबका विकास, सबका प्रयास और सब का विश्वास का मंत्र लेकर साकार करने की कोशिश की जा रही है।
रायकोट में आयोजित कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ श्री प्रतीक जैन शामिल हुए, तोकापाल जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रामबती भंडारी, सरपंच रायकोट श्रीमती सरिता भोयर सहित अन्य पंच पदाधिकारी, एसडीएम श्री शंकरलाल सिन्हा, सहायक आयुक्त श्री गणेश सोरी, जनपद पंचायत सीईओ नीलू तिर्की और आदि कर्मयोगी साथी, सहयोगी भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम उपरांत जिला पंचायत सीईओ श्री प्रतीक जैन ने कहा कि इस अभियान के अंतर्गत सेवा पर्व एवं आदि कर्मयोगी सेवा अभियान का आयोजन 2 अक्टूबर तक किया जा रहा है। ग्राम के विकास के लिए सरकार ने आदि कर्मयोगी अभियान संचालित करते हुए शासकीय सेवाओं की प्रदायगी को सशक्त किया जाना है। इसमें आप लोगों के मध्य से आदि कर्मयोगी, साथी और सहयोगी बने हैं, जो गांव के विकास, आवश्यकता का चिन्हांकन करने तथा समस्याओं का निराकरण करने में प्रशासन का सहयोग करेंगे।









