
संजीव हंस समेत 8 लोगों पर मामला दर्ज
जानकारी के मुताबिक, सीबीआई ने आईएएस अधिकारी संजीव हंस समेत 8 लोगों के खिलाफ एक करोड़ रुपए की रिश्वत लेने के आरोप में नियमित मामला दर्ज किया है. अन्य लोगों में विपुल बंसल, अनुभव अग्रवाल, पुष्पराज बजाज, शादाब खान, देवेंद्र सिंह आनंद, मुकुल बंसल और मैसर्स ईस्ट एंड वेस्ट बिल्डर्स के एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
क्या है आरोप?
आरोप है कि राष्ट्रीय उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग (एनसीडीआरसी) में एक बिल्डर के पक्ष में फैसला कराने के लिए यह घूस ली गई थी. सीबीआई को मिली जानकारी के अनुसार, संजीव हंस ने आरएनए कॉरपोरेशन से जुड़े विपुल बंसल और अन्य के साथ मिलकर ईस्ट एंड वेस्ट बिल्डर्स के प्रमोटरों से अनुकूल आदेश दिलाने के लिए रिश्वत की मांग की और उसे स्वीकार किया.
बताया गया है कि विपुल बंसल ने संजीव हंस की मुलाकात आरएनए समूह के प्रमोटर अनुभव अग्रवाल से कराई थी, जहां एक करोड़ रुपए घूस देने पर सहमति बनी. जांच में सामने आया है कि इसके बाद संजीव हंस ने आयोग में बिल्डर के पक्ष में सुनवाई की तारीखें तय कराने और एक प्रमोटर की गिरफ्तारी टालने में मदद की. इसके एवज में पूरी रकम किस्तों में दी गई.
इन लोगों की भी थी अहम भूमिका
मामले में शादाब खान और पुष्पराज बजाज की भूमिका भी अहम बताई जा रही है, जो कथित तौर पर रकम के लेनदेन और हवाला के जरिए रकम ट्रांसफर करने में शामिल थे. सीबीआई के अनुसार, 8 अगस्त 2019 को 16 लाख रुपए बैंक के जरिए एक खाते से दूसरे खाते में भेजे गए, जबकि 25 लाख रुपए नकद हवाला के माध्यम से दिए गए. बाकी के 60 लाख रुपए भी हवाला नेटवर्क के जरिए पहुंचाये जाने की बात सामने आई है.
मामले में जांच एजेंसी ने क्या बताया?
जांच एजेंसी का कहना है कि आरोपी आपस में कोड वर्ड का इस्तेमाल कर लेनदेन और संपर्क की जानकारी साझा करते थे. इस पूरे मामले में आपराधिक साजिश, भ्रष्टाचार निवारण कानून और अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है.






