
शिविर में स्थानीय लोगों, स्वास्थ्य कर्मियों और स्वयंसेवकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। रक्तदान के इस पुनीत कार्य में लोगों ने उत्साहपूर्वक सहयोग दिया। यह शिविर न केवल राज्य के रजत महोत्सव का हिस्सा था, बल्कि यह एक सामाजिक जिम्मेदारी भी थी, जिसका पालन करना सभी का कर्तव्य है। स्थानीय प्रशासन ने सभी रक्तदाताओं का आभार व्यक्त किया और कहा कि उनके इस योगदान से कई लोगों की जान बचाई जा सकेगी। इस तरह के आयोजनों से समुदाय में परोपकार की भावना बढ़ती है और स्वास्थ्य सेवाएँ भी मजबूत होती हैं।









