
जशपुरनगर 23 मई 2026/ नशामुक्त भारत अभियान को सशक्त बनाने और दवाइयों के सुरक्षित उपयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कांसाबेल में जन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम औषधि नियंत्रक के निर्देशानुसार तथा सहायक औषधि नियंत्रक जशपुर के मार्गदर्शन में खाद्य एवं औषधि प्रशासन जशपुर एवं जिला दवा विक्रेता संघ जशपुर के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ।कार्यक्रम में दवा विक्रेताओं को नारकोटिक दवाओं के दुरुपयोग रोकने, उनके क्रय-विक्रय से संबंधित नियमों एवं आवश्यक दस्तावेज संधारण की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही एंटीबायोटिक दवाइयों के गलत उपयोग को रोकने के प्रावधान, एडवर्स ड्रग इफेक्ट (दवा के दुष्प्रभाव) की पहचान एवं उसकी सूचना देने की प्रक्रिया के बारे में भी विस्तार से समझाया गया।
प्रशिक्षण में विशेष रूप से शेड्यूल एच-1 दवाइयों के विधिवत संधारण, रजिस्टर में प्रविष्टि तथा निगरानी से जुड़े नियमों पर जोर दिया गया। इसके अलावा नकली दवाओं की पहचान और उनसे बचाव के उपायों की भी जानकारी प्रदान की गई, ताकि आमजन को सुरक्षित और प्रभावी दवाएं उपलब्ध कराई जा सकें। कार्यक्रम में श्री पीताम्बर साहू (एडीसी, जशपुर) एवं श्री मनीष कंवर (डीआई, जशपुर) द्वारा उपस्थित दवा विक्रेताओं को महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए। कार्यक्रम में लगभग 60 दवा व्यापारियों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी दवा विक्रेताओं ने नारकोटिक दवाओं की बिक्री निर्धारित नियमों के अनुरूप करने तथा नशा मुक्ति अभियान को सफल बनाने का संकल्प लिया। यह जागरूकता अभियान न केवल दवा व्यवसाय से जुड़े लोगों को जिम्मेदार बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है, बल्कि समाज को नशामुक्त और सुरक्षित स्वास्थ्य व्यवस्था की ओर अग्रसर करने का भी सशक्त माध्यम साबित हो रहा है।









