
अब तक 48 स्कूलों में पहुंची कर लगभग 6174 छात्र-छात्राओं दे चुकी हाथी के व्यवहार एवं गतिविधियों की जानकारी
जशपुरनगर । विगत कई वर्षों से जशपुर जिला हाथी विचरण क्षेत्र रहा है एवं हाथियों की उपस्थिति निरंतर बनी हुई है। यहां की भौगोलिक संरचना तथा घने वनक्षेत्र एवं अन्तर्राज्यीय सीमा से लगे होने के कारण कई स्थलों से हाथियों का प्रवेश जशपुर जिले में होता है। जिससे हाथी मानव द्वंद की घटनाएं होने की संभावनाएं बनी रहती है। हाथी मानव द्वंद को न्यूनतम करने उद्देश्य से 21 जून 2025 को जशपुर वन मंडल द्वारा गजरथ यात्रा 2025 का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा किया गया है।
गजरथ यात्रा हाथी प्रभावित अति संवेदनशील क्षेत्रों में निरंतर दौरा कर हाथी के व्यवहार एवं गतिविधि के संबंध में विशेष रूप से हाथी प्रभावित क्षेत्रों के स्कूलों में कक्षा 06 वीं से 12वीं के छात्र-छात्राओं को जानकारी देकर जागरूक करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही गांव के चौपालों में चलचित्र के माध्यम से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर ग्रामीणों में जागरूकता लाने का कार्य करेगी।
विगत दिवस 11 अगस्त 2025 तक गजरथ यात्रा निरंतर फरसाबहार एवं कुनकुरी विकासखण्ड अन्तर्गत आने वाले 48 स्कूलों में पहुंची और अब तक लगभग 6174 छात्र-छात्राओं को हाथी के व्यवहार एवं गतिविधि की जानकारी दी जा चुका है।







