
श्रीहरिकोटा । इसरो आज शाम 5:26 बजे एलवीएम-3 रॉकेट से 4400 किलो का सैटेलाइट लॉन्च करेगा। ये भारतीय जमीन से जियोसिंक्रोनस ट्रांसफर ऑर्बिट (GTO) तक लॉन्च होने वाला सबसे भारी सैटेलाइट है। नया सैटेलाइट नौसेना की कम्युनिकेशन क्षमताओं को और मजबूत करेगा। एलवीएम 3 रॉकेट को इसकी भारी वजन ले जाने की क्षमता के लिए ‘बाहुबली’ नाम दिया गया है।
GTO (29,970 km x 170km) एक अंडाकार ऑर्बिट है। रॉकेट जब इस ऑर्बिट में सैटेलाइट छोड़ देगा तो 3-4 दिन बाद सैटेलाइट इंजन फायर करेगा और ऑर्बिट को सर्कुलर कर लेगा। इसे जियोस्टेशनरी ऑर्बिट कहते हैं। इसमें सैटेलाइट 24 घंटे कवरेज दे सकता है। इससे पहले इसरो ने चंद्रयान-3 मिशन में 3900 KG पेलोड GTO में भेजा था। GTO में भेजा गया दुनिया का सबसे भारी सैटेलाइट इकोस्टार 24 (जुपिटर 3) है। इसका वजन लॉन्च के समय करीब 9,000 किलो था। इसे स्पेसएक्स के फाल्कन हेवी रॉकेट से लॉन्च किया गया था।







