
प्रणालीगत ज्ञान के तहत कर्मचारियों को ई-ऑफिस प्रणाली के मूल सिद्धांतों, डिजिटलीकरण, पेपरलेस वर्क और प्रभावी कार्यप्रवाह को समझाया गया। कार्यात्मक कौशल पर ध्यान केंद्रित किया गया, ताकि कर्मचारी फाइलें और रिकॉर्ड्स को डिजिटल रूप से स्कैन करना, बनाना, संपादित करना और सहेजना सीख सकें। प्रशिक्षण का एक महत्वपूर्ण लक्ष्य रीयल-टाइम फाइल ट्रैकिंग और ऑडिट ट्रेल्स के माध्यम से त्वरित और सूचित निर्णय लेने की क्षमता विकसित करना है, साथ ही कर्मचारियों के बीच बेहतर सहयोग और ज्ञान प्रबंधन को बढ़ावा देना है।
प्रशिक्षण का महत्व
ई-ऑफिस प्रणाली सुशासन को बढ़ावा देने और पारदर्शी प्रशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह डिजिटल इंडिया कार्यक्रम का एक अभिन्न अंग था जिसने सरकारी कार्यालयों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाएगा। इस प्रणाली को लागू करने से न केवल काम की गति और दक्षता में सुधार होगी, बल्कि नागरिकों को भी प्रशासनिक प्रक्रियाओं में तेजी और सुविधा मिलेगी। इस प्रशिक्षण के दौरान डिप्टी कलेक्टर श्री सत्येंद्र बंजारे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।









