Ro no D15139/23

प्रत्येक मामले के पीछे एक मानवीय कहानी होती है संघर्ष की, आशा की, और न्यायपालिका में विश्वास की-मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा

रायपुर, 14 सितम्बर 2025/ छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी द्वारा बस्तर संभाग के न्यायिक अधिकारियों के लिए एक दिवसीय संभागीय न्यायिक सेमिनार का आयोजन प्रेरणा हॉल, कलेक्टरेट भवन, जगदलपुर में किया गया। इस सेमिनार में बस्तर संभाग के चार जिलों जगदलपुर, कांकेर, दंतेवाड़ा, कोंडागांव के 43 न्यायिक अधिकारियों ने भाग लिया।

छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश श्री रमेश सिन्हा एवं मुख्य संरक्षक, छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी ने वर्चुअल माध्यम से सत्र का उद्घाटन किया। सेमिनार में श्री अमितेंद्र किशोर प्रसाद, न्यायाधीश, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, पोर्टफोलियो न्यायाधीश, जिला कांकेर की भी गरिमामयी उपस्थिति रही।

मुख्य न्यायाधीश ने बस्तर संभाग के न्यायिक अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के समय में न्यायपालिका से अपेक्षाएँ बहुत अधिक हैं। लोग हमसे अत्यधिक आशा रखते हैं। यह सेमिनार केवल सीखने का मंच ही नहीं, बल्कि न्याय, निष्पक्षता और विधि के शासन के प्रति हमारी सामूहिक प्रतिबद्धता की पुष्टि भी है।

मुख्य न्यायाधीश ने अपने संबोधन में कहा कि न्यायिक शिक्षा एक बार की प्रक्रिया नहीं है; बल्कि यह सतत प्रक्रिया है। आज के दौर में जहाँ कानून तेजी से विकसित हो रहे हैं और समाज नई चुनौतियों का सामना कर रहा है, वहाँ न्याय के संरक्षक होने के नाते हमें निरंतर अपने ज्ञान को समृद्ध करना और अपनी न्यायिक क्षमता को धार देना अनिवार्य है। सतत प्रशिक्षण सुनिश्चित करता है कि हम अपने संवैधानिक दायित्वों को दक्षता, ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ निभा सकें।

मुख्य न्यायाधीश ने आगे यह भी कहा कि बस्तर क्षेत्र अपने विशिष्ट सामाजिक-आर्थिक और सांस्कृतिक परिदृश्य के साथ न्यायपालिका के लिए चुनौतियाँ और अवसर दोनों प्रस्तुत करता है। हमारा दायित्व है कि न्याय समाज के हर कोने तक पहुँचे, विशेष रूप से वंचित और कमजोर वर्गों तक। यहाँ के न्यायिक अधिकारियों की भूमिका जनता के विश्वास को बनाए रखने और यह सुनिश्चित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण है कि न्याय न केवल किया जाए, बल्कि होता हुआ भी दिखाई दे।

मुख्य न्यायाधीश ने सभी न्यायिक अधिकारियों से आग्रह किया कि वे सहानुभूति, धैर्य और निष्पक्षता के साथ न्यायिक कार्य करें। याद रखें, प्रत्येक मामले के पीछे एक मानवीय कहानी होती है संघर्ष, आशा और न्यायपालिका में विश्वास की। हमें सदैव यह सुनिश्चित करने का प्रयास करना चाहिए कि न्याय समय पर, पारदर्शी और तर्कपूर्ण तरीके से दिया जाए।

अंत में मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि इस प्रकार के सेमिनार समकालीन विधिक मुद्दों पर विचार-विमर्श, अनुभवों के आदान-प्रदान और श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों को अपनाने का मूल्यवान अवसर प्रदान करते हैं। इस सेमिनार में हुई चर्चाएँ न्यायिक अधिकारियों की दक्षता को बढ़ाएँगी और उन्हें न्यायिक कार्य की जटिलताओं को और अधिक कुशलता से संभालने योग्य बनाएँगी।

इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के प्रभारी रजिस्ट्रार जनरल, रजिस्ट्री अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े थे। कांकेर, कोंडागांव, जगदलपुर एवं दंतेवाड़ा के जिलों के न्यायिक अधिकारी उपस्थित थे। स्वागत भाषण प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जगदलपुर द्वारा दिया गया, परिचयात्मक उद्बोधन छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी के निदेशक ने तथा धन्यवाद ज्ञापन अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जगदलपुर द्वारा किया गया।

सेमिनार में बस्तर संभाग के कुल 43 न्यायिक अधिकारियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों द्वारा परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के मामलों की कार्यवाही का अवलोकन तथा इनके निपटारे हेतु नवीन उपकरण और तकनीकें, मध्यस्थता में रेफरल जज की भूमिका, डिक्री का क्रियान्वयन गिरफ्तारी एवं सिविल कारागृह में निरुद्धि तथा संपत्ति की कुर्की द्वारा समयबद्ध और प्रभावी प्रवर्तन हेतु रणनीतियाँ, सलाखों के पीछे या स्वतंत्र रिमांड और जमानत के प्रावधानों का गहन विश्लेषण, माननीय सर्वाेच्च न्यायालय के नवीनतम निर्णयों के विशेष संदर्भ के संबंध में प्रस्तुतिकरण दिए गए।

  • Related Posts

    खस की सुगंधित जड़ों से शिल्प कला कृतियां और उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण

      खस की जड़ों से माला, तोरण, हाथ का पंखा सहित सात प्रकार की आकर्षक कलाकृतियां महिलाओं को मिलेंगी रोजगार के साधन, बढेगी आय के नए अवसर रायपुर, 27 अप्रैल…

    Read more

    धमतरी में समर्थन मूल्य चना खरीदी ने पकड़ी रफ्तार 76 हज़ार क्विंटल की हुई खरीदी उपार्जन केंद्रों पर बढ़ी किसानों की भीड़

      ​रायपुर, 27 अप्रैल 2026/प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (PM-AASHA) 2018 में शुरू की गई एक प्रमुख सरकारी योजना है। इसका उद्देश्य दलहन, तिलहन किसानों को उनकी उपज का लाभकारी…

    Read more

    NATIONAL

    बेहाला में अमित शाह का मास्टरस्ट्रोक- भाजपा के सत्ता में आने पर 7 दिन बंगाल में रहेंगे सेंट्रल फोर्सेज के जवान

    बेहाला में अमित शाह का मास्टरस्ट्रोक- भाजपा के सत्ता में आने पर 7 दिन बंगाल में रहेंगे सेंट्रल फोर्सेज के जवान

    बिहार में 21 जगहों पर बनेंगे जल स्टेशन, पटना से भागलपुर और पश्चिम चंपारण का सफर होगा पानी के रास्ते

    बिहार में 21 जगहों पर बनेंगे जल स्टेशन, पटना से भागलपुर और पश्चिम चंपारण का सफर होगा पानी के रास्ते

    ईरान का पाकिस्तान के जरिए अमेरिका को नया ऑफर; दिया टू-स्टेज प्लान, क्या खुलेगा होर्मुज?

    ईरान का पाकिस्तान के जरिए अमेरिका को नया ऑफर; दिया टू-स्टेज प्लान, क्या खुलेगा होर्मुज?

    क्या ये अरूण साव का मजाक है? कांग्रेस पे दोहरी मार-तारीख दो और चार, दुष्कर्म के रेट ने कराया नाईन्टी परसेन्ट मतदान, कोई परेशान करेगा तो उसकी डाॅट, डाॅट, डाॅट-राजनाथ सिंह वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    क्या ये अरूण साव का मजाक है? कांग्रेस पे दोहरी मार-तारीख दो और चार, दुष्कर्म के रेट ने कराया नाईन्टी परसेन्ट मतदान, कोई परेशान करेगा तो उसकी डाॅट, डाॅट, डाॅट-राजनाथ सिंह वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    गढ़वा: पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने सीएम हेमंत सोरेन से की मुलाकात, रंका में नए निबंधन कार्यालय की मांग

    गढ़वा: पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने सीएम हेमंत सोरेन से की मुलाकात, रंका में नए निबंधन कार्यालय की मांग

    मिसाइल डिस्ट्रॉयर USS राफेल पेराल्टा ने रोका ईरानी जहाज, US की समुद्री नाकेबंदी से बढ़ी टेंशन

    मिसाइल डिस्ट्रॉयर USS राफेल पेराल्टा ने रोका ईरानी जहाज, US की समुद्री नाकेबंदी से बढ़ी टेंशन