बीजापुर में सुरक्षाबलों ने 08 नक्सलियों को किया ढेर

*मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सुरक्षाबलों के साहस को सराहा*

रायपुर 01 फरवरी 2025/ छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों को नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत एक बड़ी सफलता मिली है। थाना गंगालूर क्षेत्र में नक्सल उन्मूलन अभियान के दौरान सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच हुई मुठभेड़ में अब तक 08 नक्सलियों के शव सहित इंसास राइफल, वीएलजी लॉन्चर सहित कई हथियार बरामद किए गए हैं। सुरक्षाबलों को आशंका है कि इस मुठभेड़ में कई और नक्सली मारे गए या घायल हुए होंगे। फिलहाल, क्षेत्र में सघन सर्चिंग अभियान जारी है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस सफलता पर सुरक्षाबलों की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार नक्सल उन्मूलन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। यह सुरक्षाबल के जवानों की बड़ी सफलता है, उनके साहस को सलाम करता हूं। जवान मजबूती के साथ नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे हैं। यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी एवं माननीय केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह जी का संकल्प है कि 31 मार्च 2026 तक देश-प्रदेश से नक्सलवाद का अंत करेंगे। हम इस संकल्प को पूरा करने में सफल हो रहे हैं, नक्सलवाद अपनी अंतिम सांसे गिन रहा है।उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का लक्ष्य बस्तर को पूरी तरह नक्सलमुक्त बनाना और आदिवासी समुदाय के विकास को तेज़ करना है। मुख्यमंत्री ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में माओवादियों से हिंसा छोड़कर आत्मसमर्पण करने और सरकार की पुनर्वास योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की है। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा संचालित नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार 31 जनवरी 2025 को डीआरजी, एसटीएफ, कोबरा 202 एवं केरिपु 222 वाहिनी की संयुक्त टीम को पश्चिम बस्तर डिवीजन में माओवादियों की उपस्थिति की जानकारी मिली थी। इसी आधार पर सुरक्षा बलों ने नक्सल विरोधी अभियान के लिए निकली। इस दौरान 01 फरवरी की सुबह साढ़े आठ बजे से रुक-रुक कर कई बार मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने 08 नक्सलियों को मार गिराया और उनके ठिकानों से विस्फोटक सामग्री एवं आधुनिक हथियार बरामद किए।

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा बस्तर अंचल के नक्सल प्रभावित ईलाकों में नए सुरक्षा कैम्पों की स्थापना कर वहां के लोगों को सुरक्षा प्रदान करने के साथ ही नियद नेल्ला नार योजना के तहत गांवों में बुनियादी सुविधाओं का विकास और लोगों को शासकीय योजनाओं और कार्यक्रमों का लाभ पहुंचा रही है। नियद नेल्ला नार योजना में शामिल गांवों में सड़कों का निर्माण, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, विद्युत जैसी सुविधाओं का विकास और रोजगार को बढ़ावा दे रही है, जिससे नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थायी शांति स्थापित करने में मदद मिल रही है।

  • Related Posts

    रोहित सिंह तोमर गिरफ्तार: राजधानी रायपुर में सूदखोरी पर बड़ी कार्रवाई, जेल भेजा गया

    छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में सूदखोरी और आपराधिक गतिविधियों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए हिस्ट्रीशीटर आरोपी रोहित सिंह तोमर को एक बार फिर गिरफ्तार कर जेल भेज…

    Read more

    थाना बना कोर्ट : कमिश्नरी प्रणाली में पुलिस अफसरों को मिली. दंडाधिकारी शक्तियां, अब बदमाशों को एसीपी सीधे भेज रहे जेल

    पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली के दूसरे चरण में प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत सुनवाई करने का काम पुलिस कमिश्नरेट के अधिकारियों ने सोमवार से शुरू कर दिया है। रायपुर। पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली…

    Read more

    NATIONAL

    अक्ल से काम लेना वरना…’, ट्रंप ने ईरान को याद दिलाया जून वाला हमला

    अक्ल से काम लेना वरना…’, ट्रंप ने ईरान को याद दिलाया जून वाला हमला

    बिहार के 8 डैम बनेंगे पर्यटन का नया हॉटस्पॉट, देखिए लिस्ट में कौन-कौन है शामिल

    बिहार के 8 डैम बनेंगे पर्यटन का नया हॉटस्पॉट, देखिए लिस्ट में कौन-कौन है शामिल

    AI Impact Summit 2026: पीएम मोदी का बड़ा संदेश, मिलकर दुनिया को देंगे टेक सॉल्यूशन

    AI Impact Summit 2026: पीएम मोदी का बड़ा संदेश, मिलकर दुनिया को देंगे टेक सॉल्यूशन

    राहुल को बृजमोहन ने बताया धोबी पछाड़, कांग्रेसी नेता चाहते हैं-राहुल हटें तो हम डटें, वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    राहुल को बृजमोहन ने बताया धोबी पछाड़, कांग्रेसी नेता चाहते हैं-राहुल हटें तो हम डटें, वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

    सोने-चांदी की कीमतों में आई गिरावट, जानें 16 फरवरी के ताजा भाव

    सोने-चांदी की कीमतों में आई गिरावट, जानें 16 फरवरी के ताजा भाव

    17 फरवरी को है साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें भारत पर क्या पड़ेगा प्रभाव

    17 फरवरी को है साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें भारत पर क्या पड़ेगा प्रभाव