
US Air Force B-52 Bomber Crashes: रॉयटर्स के अनुसार वायुसेना के कर्नल जेम्स हेस ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया- आठ इंजनों वाला यह जेट-संचालित विमान, जो परमाणु और पारंपरिक बम ले जाने में सक्षम है, एक रूटीन टेस्ट मिशन पर था. हादसे के तुरंत बाद दुर्घटनास्थल से काले धुएं का एक विशाल गुबार आसमान में उठता देखा गया, जो कई मील दूर से दिखाई दे रहा था. कर्नल हेस ने बताया कि यह दुर्घटना इतनी भीषण थी कि इसमें किसी का भी बचना नामुमकिन था.
मृतकों में बोइंग के कर्मचारी भी शामिल
विमान का निर्माण करने वाली एयरोस्पेस कंपनी ‘बोइंग’ (Boeing) ने पुष्टि की है कि मारे गए लोगों में दो उसके कर्मचारी भी थे. फिलहाल वायुसेना ने पीड़ितों के नामों का खुलासा नहीं किया है. हादसे के कारणों की जांच की जा रही है.
अमेरिकी बॉम्बर फोर्स की रीढ़ है B-52, क्या है खासियत?
B-52 स्ट्रैटोफोर्ट्रेस को अमेरिकी रणनीतिक बॉम्बर फोर्स की रीढ़ माना जाता है. यह लंबी दूरी का विमान 70,000 पाउंड (लगभग 31,750 किलोग्राम) तक के हथियार और क्लस्टर बम, गाइडेड मिसाइलें और परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है. यह बिना ईंधन भरे 8,000 मील से अधिक की दूरी तय कर सकता है.






