
रायपुर । Rssआरएसएस मसल पावर ऑफ द मूवमेंट है : यह उद्घोष किया था लोकनायक, भारत.रत्न स्व. जयप्रकाश नारायण ने. आश्चर्य कि जेपी कभी संघ के घोर आलोचक थे लेकिन जब उन्होंने आपातकाल में तानाशाह सरकार के खिलाफ सम्पूर्ण क्रांति छेड़ी और उसका नेतृत्व किया तो संघ.जनसंघ के साथ हो लिए, कम्युनिस्टों ने जमकर मुंह फुलाया, लेकिन जेपी संघ की ताकत जानते थे.
संघ का भी हमेशा से यही आदर्श.ध्येय रहा कि हमें सबके साथ चलना है क्योंकि सवाल देश का है” जेपी की इस उदारता का सम्मान आडवाणी जी ने भी किया। जब वे जनसंघ के दूसरी बार अध्यक्ष बने तो जेपी को मुख्य अतिथि के तौर पर अधिवेशन को संबोधित करने के लिए आमंत्रित किया।
कल इनकी जन्मतिथि पर मुझे व्याख्यान देने का मौका मिला. साथ थे भाजपा प्रवक्ता भाई उज्जवल दीपक जी. आयोजन जुटाया था लोकतंत्र सेनानी संघ छत्तीसगढ़ ने. अध्यक्ष सच्चिदानंद उपासने जी एवं सुहास देशपांडे जी का हृदय की गहराइयों से आभार 0 डा अनिल द्विवेदी, पत्रकार.








