
*ईंधन बचत का संदेश देते हुए एक ही बस में सवार होकर पहुंचे जिला स्तरीय अधिकारी*
*स्वास्थ्य विभाग को मिले सर्वाधिक 150 आवेदन, राशन, आधार और किसान योजनाओं के लिए पहुंचे ग्रामीण*
रायपुर,16 मई 2026 (IMNB NEWS AGENCY)
शासन द्वारा आम जनता की समस्याओं के त्वरित और प्रभावी निराकरण के लिए चलाए जा रहे व्यापक जनसमस्या निवारण अभियान “सुशासन तिहार 2026” के तहत नारायणपुर जिले के सुदूर अबूझमाड़ क्षेत्र में विकास की नई किरण दिखाई दे रही है। जनपद पंचायत ओरछा के ग्राम रेकावाया में आयोजित समाधान शिविर में ग्रामीणों का भारी जनसैलाब उमड़ा, जहां एक ही छत के नीचे विभिन्न विभागों से संबंधित 407 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 197 संवेदनशील मामलों का मौके पर ही निराकरण कर ग्रामीणों को तत्काल राहत प्रदान की गई। बाकी बचे 210 आवेदनों को समय-सीमा के भीतर निराकृत करने के लिए प्रक्रियाधीन रखा गया है।
*ईंधन और संसाधनों की बचत का अनूठा संदेश*
इस समाधान शिविर की सबसे खास और अनुकरणीय बात यह रही कि जिला प्रशासन के समन्वय से पहली बार सभी जिला स्तरीय अधिकारी अपनी व्यक्तिगत गाड़ियों के काफिले के बजाय, एक ही बस में सवार होकर शिविर स्थल तक पहुंचे। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की ‘ईंधन संरक्षण और संसाधनों के संयमित उपयोग’ की अपील को अमलीजामा पहनाते हुए अधिकारियों ने सामूहिक रूप से यात्रा की। प्रशासन की इस अनूठी पहल की पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही है।
कलेक्टर ने शिविर की उपलब्धियों की जानकारी देते हुए बताया कि दूरस्थ अबूझमाड़ क्षेत्र के नागरिकों तक शासकीय सेवाएं पहुंचाना इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है। सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित ऐसे शिविरों से ग्रामीणों की समस्याओं का तेजी से निराकरण हो रहा है तथा लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ सहज रूप से उनके घर के पास उपलब्ध कराया जा रहा है।
शिविर में स्वास्थ्य विभाग के प्राप्त सर्वाधिक सभी 150 आवेदन का त्वरित निराकरण और स्वास्थ्य जांच किया गया। इसी तरह पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के 100,राशन कार्ड संबंधी 44,पीएम किसान योजना के 40,पहचान पत्र / शासकीय दस्तावेज संबंधी 24 और श्रम विभाग के 23 आवेदन प्राप्त हुए।
*गोदभराई और अन्नप्राशन की गूंज, मौके पर हुआ इलाज*
शिविर सिर्फ आवेदनों के निपटारे तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसे एक उत्सव का रूप दिया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा शिविर स्थल पर पारंपरिक रूप से अन्नप्राशन एवं गोदभराई कार्यक्रम का आयोजन किया गया। वहीं स्वास्थ्य विभाग की मेडिकल टीम ने शिविर में आए मरीजों की न केवल जांच की, बल्कि उन्हें मौके पर ही दवाइयां और त्वरित उपचार भी उपलब्ध कराए गए।
*एक ही छत के नीचे सारी सुविधाएं, ग्रामीणों के खिले चेहरे*
शिविर में उपस्थित अधिकारियों ने ग्रामीणों को राशन कार्ड, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और श्रम कार्ड बनवाने की प्रक्रियाओं से अवगत कराया और शासन की कल्याणकारी योजनाओं से जुड़ने की अपील की। दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों से पहुंचे ग्रामीणों ने एक ही स्थान पर सारे विभागों को मौजूद पाकर बेहद खुशी और संतोष व्यक्त किया। पूरे प्रदेश में 1 मई से 10 जून 2026 तक संचालित सुशासन तिहार का सीधा लाभ वनांचल और सुदूर क्षेत्रों के नागरिकों को मिल रहा है।









