Ro no D15139/23

अक्ल से काम लेना वरना…’, ट्रंप ने ईरान को याद दिलाया जून वाला हमला

Trump Iran Warning: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को ईरान को सख्त लहजे में हिदायत दी है. उन्होंने कहा कि परमाणु समझौते को लेकर होने वाली अगले दौर की बातचीत में ईरान समझदारी दिखाए. ट्रंप ने बातों-बातों में तेहरान को जून 2025 में हुए उस बी-2 बॉम्बर हमले की याद दिला दी, जिसने ईरान के परमाणु ठिकानों की कमर तोड़ दी थी. पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने साफ किया कि वह खुद सीधे तौर पर नहीं, बल्कि इनडायरेक्ट तरीके से इस बातचीत का हिस्सा रहेंगे.

‘ईरान कच्चे खिलाड़ी नहीं, लेकिन बातचीत में जीरो हैं’

ट्रंप ने ईरान के बातचीत करने के तरीके पर तंज कसते हुए कहा कि ईरान वाले कड़े मोलभाव करने वाले लोग हैं, लेकिन मैं कहूंगा कि वे खराब नेगोशिएटर हैं. अगर वे पहले मान जाते, तो हमें उनके परमाणु ठिकानों को खत्म करने के लिए बी-2 बॉम्बर भेजने की जरूरत ही नहीं पड़ती. उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार ईरान अक्ल से काम लेगा. ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान समझौता तो करना चाहता है, लेकिन शायद वह समझौता न करने के अंजाम से डरा हुआ है.

ट्रंप बोले- ‘अब बस इक्का-दुक्का चिंगारी बची है’

मिडल ईस्ट की स्थिति पर ट्रंप ने दावा किया कि वहां अब शांति है. उनके अनुसार, “आप यहां-वहां कुछ लपटें देख सकते हैं, लेकिन असल में अब शांति है. यह सिर्फ इसलिए मुमकिन हुआ क्योंकि हमने उनके परमाणु ठिकानों पर बी-2 से हमला किया. अगर हम वह हमला नहीं करते, तो एक महीने के भीतर उनके पास परमाणु हथियार होता और तब हालात बिल्कुल अलग होते.

जेनेवा में कल फिर आमने-सामने होंगे दोनों देश

सीएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु समझौते को लेकर अगले दौर की बातचीत मंगलवार को स्विट्जरलैंड के जेनेवा में होगी. इस मीटिंग में अमेरिकी राष्ट्रपति के खास दूत स्टीव विटकॉफ और उनके दामाद जारेद कुशनर शामिल हो सकते हैं. बता दें कि इससे पहले अप्रैल 2025 में मस्कट (ओमान) और रोम (इटली) में भी बातचीत हुई थी, लेकिन कोई ठोस नतीजा नहीं निकला था.

क्या था ‘ऑपरेशन मिडनाइट हैमर’?

साल 2025 में 21-22 जून की रात अमेरिका ने ‘ऑपरेशन मिडनाइट हैमर’ के तहत ईरान पर बड़ा हमला किया था. इसमें फोर्डो, नतांज और इस्फहान जैसे तीन प्रमुख परमाणु ठिकानों को निशाना बनाया गया था. ईरान ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर का खुला उल्लंघन बताया था. अब ओमान की मध्यस्थता में हो रही यह नई बातचीत उसी तनाव के साये में हो रही है.

गाजा के लिए ‘बोर्ड ऑफ पीस’: 5 अरब डॉलर का फंड तैयार

गाजा के मुद्दे पर ट्रंप ने बताया कि ‘बोर्ड ऑफ पीस’ नाम की संस्था दुनिया के बड़े नेताओं के साथ मिलकर काम करेगी. उन्होंने कहा कि इसमें दुनिया के तमाम लीडर्स भारी पैसा लगा रहे हैं. मुझे लगता है कि यह सिर्फ गाजा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पूरी दुनिया में शांति लाएगा. ट्रंप ने बताया कि 19 फरवरी को इस बोर्ड की एक अहम मीटिंग होनी है, जिसके लिए सदस्य देशों ने अब तक 5 अरब डॉलर (करीब 42,000 करोड़ रुपये) की मदद का वादा किया है.

  • Related Posts

    नेपाल चुनाव: रैपर बालेन शाह का कमाल, RSP ने 18 सीटें जीतीं, 99 पर आगे

    Nepal Election Results : रैपर से नेता बने बालेंद्र शाह की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) नेपाल चुनाव में बेहतर प्रदर्शन करती दिख रही है. स्थानीय मीडिया की खबरों के अनुसार, नेपाल…

    Read more

    सीएम नीतीश की तरह निशांत कुमार भी करेंगे बिहार की यात्रा, 8 मार्च से शुरू होगा सियासी सफर

    Bihar Politics: सीएम नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार 8 मार्च से एक्टिव पॉलिटिक्स में अपना सफर शुरू करेंगे. जेडीयू ज्वाइन करने के बाद वे पिता सीएम नीतीश की तरह ही…

    Read more

    NATIONAL

    नेपाल चुनाव: रैपर बालेन शाह का कमाल, RSP ने 18 सीटें जीतीं, 99 पर आगे

    नेपाल चुनाव: रैपर बालेन शाह का कमाल, RSP ने 18 सीटें जीतीं, 99 पर आगे

    सीएम नीतीश की तरह निशांत कुमार भी करेंगे बिहार की यात्रा, 8 मार्च से शुरू होगा सियासी सफर

    सीएम नीतीश की तरह निशांत कुमार भी करेंगे बिहार की यात्रा, 8 मार्च से शुरू होगा सियासी सफर

    श्रीलंका ने दूसरे ईरानी जहाज का लिया कंट्रोल, 208 की बची जान, IRIS Dena पर US हमले से मुर्दाघर फुल

    श्रीलंका ने दूसरे ईरानी जहाज का लिया कंट्रोल, 208 की बची जान, IRIS Dena पर US हमले से मुर्दाघर फुल

    CM रहते राज्यसभा जाने वाले पहले नेता बने नीतीश कुमार, अब बिहार की राजनीति में क्या-क्या होगा?

    CM रहते राज्यसभा जाने वाले पहले नेता बने नीतीश कुमार, अब बिहार की राजनीति में क्या-क्या होगा?

    हुमायूं कबीर का पहला दांव ही पड़ा उलटा, चुनाव आयोग की आपत्ति के बाद बदला पार्टी का नाम

    हुमायूं कबीर का पहला दांव ही पड़ा उलटा, चुनाव आयोग की आपत्ति के बाद बदला पार्टी का नाम

    ईरान के नए सुप्रीम लीडर चुने गए मोजतबा खामेनेई, एसेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स का फैसला

    ईरान के नए सुप्रीम लीडर चुने गए मोजतबा खामेनेई, एसेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स का फैसला