Ro no D15139/23

रायगढ़ में प्रदूषण नियंत्रण के लिए छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल की सख्त कार्रवाई

25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति अधिरोपित

 

रायपुर, 12 मई 2026 (IMNB NEWS AGENCY) रायगढ़ जिले में वायु गुणवत्ता और पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल द्वारा लगातार सघन निगरानी और प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। मंडल ने स्पष्ट किया है कि जिले की वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) ‘संतोषजनक’ से ‘मध्यम’ श्रेणी के बीच स्थिर बनी हुई है। पर्यावरणीय मानकों का उल्लंघन करने वाले उद्योगों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए इस वर्ष अब तक 25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति राशि अधिरोपित की गई है।

 

*आधुनिक तकनीक से वायु गुणवत्ता की सतत निगरानी*

 

रायगढ़ जिले में वायु गुणवत्ता की सटीक निगरानी के लिए 4 सतत परिवेशीय वायु गुणवत्ता निगरानी प्रणाली (CAAQMS) स्थापित की गई हैं। ये केंद्र खनन प्रभावित क्षेत्रों—कुंजेमुरा, मिलुपारा (तमनार), छाल (धरमजयगढ़) तथा औद्योगिक क्षेत्र पूंजीपथरा में संचालित हैं। इसके अतिरिक्त, नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम (NCAP) के अंतर्गत रायगढ़ शहर और ओ.पी. जिंदल औद्योगिक पार्क क्षेत्र में नियमित रूप से मैन्युअल मॉनिटरिंग भी की जा रही है।

 

*नियम उल्लंघन पर जीरो टॉलरेंस नीति*

 

मंडल द्वारा पर्यावरणीय मानकों के उल्लंघन के मामलों में जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जा रही है। जनवरी 2026 से मई 2026 तक प्रदूषण मानकों का उल्लंघन करने वाले 8 उद्योगों पर 3 लाख 22 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसी प्रकार, फ्लाई ऐश प्रबंधन एवं परिवहन संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन नहीं करने वाले 17 उद्योगों पर 76 लाख 20 हजार 255 रुपये की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति अधिरोपित की गई है। इस प्रकार कुल 25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की कार्रवाई की गई है।

 

*फ्लाई ऐश परिवहन के लिए सख्त SOP और डिजिटल ट्रैकिंग व्यवस्था*

 

सड़कों पर उड़ने वाली धूल एवं राखड़ की समस्या को नियंत्रित करने के लिए मंडल द्वारा विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) लागू की गई है। इसके तहत कच्चे माल और औद्योगिक उत्पादों के परिवहन के दौरान डस्ट कंट्रोल उपायों का पालन अनिवार्य किया गया है। फ्लाई ऐश के पारदर्शी और वैज्ञानिक निपटान के लिए IWMMS पोर्टल का उपयोग किया जा रहा है, जिसके माध्यम से राखड़ के उठाव से लेकर अंतिम निपटान तक की प्रत्येक गतिविधि की डिजिटल निगरानी की जा रही है।

 

*पर्यावरण संरक्षण के प्रति सतत प्रतिबद्धता*

 

क्षेत्रीय कार्यालय, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल के अनुसार रायगढ़ जिले में प्रदूषण स्तर में लगातार वृद्धि होने की आशंकाएं तथ्यों पर आधारित नहीं हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार जिले की वायु गुणवत्ता नियंत्रित और स्थिर बनी हुई है। मंडल द्वारा उद्योगों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है और पर्यावरणीय मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।

  • Related Posts

    आईटीआई राजनांदगांव में 16 जून को कैम्पस प्लेसमेंट का आयोजन

    राजनांदगांव 11 जून 2026। शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था राजनांदगांव में 16 जून 2026 को सुबह 9.30 बजे से विजन इंडिया सर्विसेस प्राईवेट लिमिटेड द्वारा मारूति सुजुकी मोटर्स इंडिया लिमिटेड हंसलपुर…

    Read more

    प्री बी.एड. एवं बी.एससी. नर्सिंग प्रवेश परीक्षा शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न

    राजनांदगांव 11 जून 2026। छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापम) द्वारा आयोजित प्री बी.एड. प्रवेश परीक्षा एवं बी.एससी. नर्सिंग प्रवेश परीक्षा जिले में शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित वातावरण में संपन्न हुई। जिला…

    Read more

    NATIONAL

    बस्तर में दूध, खेतों तक पानी, युवाओं को काम और गांवों को नई पहचान देने की तैयारी

    बस्तर में दूध, खेतों तक पानी, युवाओं को काम और गांवों को नई पहचान देने की तैयारी

    11 जून की टॉप 20 खबरें: अमेरिकी राजनयिक तलब, भारत मंडपम से गरजे पीएम मोदी, शुभेंदु सरकार में विभागों का बंटवारा

    11 जून की टॉप 20 खबरें: अमेरिकी राजनयिक तलब, भारत मंडपम से गरजे पीएम मोदी, शुभेंदु सरकार में विभागों का बंटवारा

    PM Kisan की 23वीं किस्त पर बड़ा अपडेट! क्या 18 जून को आएंगे ₹2,000? जानिए सच्चाई

    PM Kisan की 23वीं किस्त पर बड़ा अपडेट! क्या 18 जून को आएंगे ₹2,000? जानिए सच्चाई

    मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    लोगों का भरोसा जीतने में सफल रहे हैं पीएम मोदी, पढ़ें नीतीश कुमार का आलेख

    लोगों का भरोसा जीतने में सफल रहे हैं पीएम मोदी, पढ़ें नीतीश कुमार का आलेख

    ममता बनर्जी के चारों ओर सन्नाटा! फोन बंद, चेहरे गायब, दीदी के सबसे करीबी सांसदों ने संकट में मुंह फेरा

    ममता बनर्जी के चारों ओर सन्नाटा! फोन बंद, चेहरे गायब, दीदी के सबसे करीबी सांसदों ने संकट में मुंह फेरा