
इस दौरान उन्होंने विद्यालय के प्राचार्य श्री मोहर साय शास्त्री से विद्यार्थियों की उपस्थिति की जानकारी ली। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि जो छात्र-छात्राएं अभी तक विद्यालय में उपस्थित नहीं हो पाए हैं, उनसे एवं उनके पालकों से संपर्क स्थापित कर उनकी नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराएं। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक सत्र के प्रारंभ से ही विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति आवश्यक है, ताकि वे अध्ययन-अध्यापन की सभी गतिविधियों में सक्रिय रूप से सहभागी बन सकें तथा शिक्षा का अधिकतम लाभ प्राप्त कर सकें। कलेक्टर ने विद्यालय परिसर, कक्षाओं एवं शौचालयों की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वच्छ एवं सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण बनाए रखने से विद्यार्थियों का स्वास्थ्य बेहतर रहेगा तथा विषैले जीव-जंतुओं से होने वाले संभावित खतरों से भी बचाव होगा।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने शासन द्वारा प्रदत्त पाठ्य पुस्तकों का समय पर वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई सुचारू रूप से संचालित हो सके। उल्लेखनीय है कि विद्यालय में कुल 215 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। कलेक्टर श्री व्यास ने स्मार्ट क्लास में उपयोग हेतु इंटरेक्टिव पैनल को शीघ्र स्थापित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षण व्यवस्था विद्यार्थियों को विषयों को बेहतर ढंग से समझने में सहायता प्रदान करती है। इंटरेक्टिव पैनल के माध्यम से छात्र-छात्राएं स्क्रीन पर लिखकर, चित्र एवं डायग्राम बनाकर तथा 3-डी वीडियो के जरिए डिजिटल रूप से अध्ययन कर सकेंगे, जिससे उनकी विषयगत समझ और अधिक सुदृढ़ होगी। इस दौरान नायब तहसीलदार श्री तोष कुमार सिंह, विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री सुदर्शन पटेल, जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनोद सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने एक पेड़ माँ के नाम के तहत किया पौधारोपण
कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत विद्यालय परिसर में जामुन का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पेड़-पौधे प्रकृति के अमूल्य उपहार हैं, जो पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के साथ-साथ मानव जीवन के लिए शुद्ध वायु, छाया एवं अनेक आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से पौधों की नियमित देखभाल करने तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक रहने को कहा।









