
अम्बिकापुर 07 मई 2026/ सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने की मजबूरी अब बीते दौर की बात हो गई है, क्योंकि शासन खुद चलकर ग्रामीणों के दरवाजे तक पहुँच रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार की श्सुशासनश् की प्राथमिकता अब धरातल पर रंग ला रही है। इसका एक उदाहरण उदयपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत लक्ष्मनगढ़ में आयोजित शिविर में देखने को मिला, जहाँ ग्राम पंचायत मरेया की रहने वाली श्रीमती अनीता को उनके राशन कार्ड के आवेदन पर तत्काल कार्यवाही करते हुए हाथों-हाथ नया राशन कार्ड प्रदान किया गया।
गाँव में ही मिला समाधान, दफ्तर जाने का समस्या खत्म
राशन कार्ड मिलने पर हर्ष व्यक्त करते हुए अनीता ने बताया कि उन्होंने सुशासन दिवस के अवसर पर आयोजित जन समस्या निवारण शिविर में राशन कार्ड के लिए आवेदन दिया था। उन्हें उम्मीद नहीं थी कि इतनी जल्दी उनका काम हो जाएगा। अनीता ने कहा, शिविर में आई थी और मुझे तुरंत राशन कार्ड मिल गया। मुझे कहीं दूर जाने की जरूरत नहीं पड़ी। मेरा राशन कार्ड अब मेरे अपने ही गाँव में बन गया है। हमारी समस्याओं का समाधान अब घर बैठे हो रहा है।
परिवार को मिलेगा संबल, नियमित मिलेगा राशन
हितग्राही अनीता ने बताया कि राशन कार्ड न होने के कारण परिवार के सामने खाद्यान्न सुरक्षा को लेकर चिंता रहती थी, लेकिन अब यह कार्ड बन जाने से उन्हें और उनके परिवार को शासन की योजना के तहत नियमित राशन प्राप्त हो सकेगा। उन्होंने इस त्वरित सहायता के लिए सुशासन तिहार की सराहना की।
संवेदनशील पहल के मुख्यमंत्री को दिया धन्यवाद
सुशासन की इस नई व्यवस्था से प्रभावित होकर अनीता ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा, मुख्यमंत्री जी के प्रयासों से ही आज हम जैसों की सुनवाई हमारे ही गांव में हो रही है।
सुशासन का संकल्प: मौके पर ही निराकरण
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि जनसमस्या निवारण शिविरों का आयोजन पूरी पारदर्शिता और तेजी के साथ किया जाए। इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक बिना किसी बाधा के पहुँचे। अनीता सहित शिविर में 5 ग्रामीणों ने उचित दस्तावेजों के साथ आवेदन कर नवीन राशन कार्ड प्राप्त किया है।









