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विगत 25 वर्षों में दुर्ग जिले के कृषि क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रगति

रायपुर, 27 नवम्बर 2025/

दुर्ग जिले के कृषि विभाग ने विगत 25 वर्षों में कृषि विकास के क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियाँ दर्ज की हैं, जिनका सकारात्मक असर जिले की कृषि अर्थव्यवस्था और किसानों के जीवन स्तर पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। वर्ष 2025 के दौरान खरीफ और रबी फसलों के क्षेत्र एवं उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। खरीफ फसल का क्षेत्राच्छादन 1,46,276 हेक्टेयर तक पहुँच गया है, जो पिछले 25 वर्षों की तुलना में 4 प्रतिशत अधिक है, वहीं रबी फसल का क्षेत्र 53,660 हेक्टेयर रहा, जिसमें 8 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। उत्पादन के स्तर पर भी जिले का प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा है। खरीफ फसल का कुल उत्पादन 7.20 लाख मीट्रिक टन रहा, जो 53 प्रतिशत अधिक है, जबकि रबी उत्पादन 84 हजार मीट्रिक टन तक पहुँच गया, जो 43 प्रतिशत वृद्धि को दर्शाता है। उत्पादकता में भी उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है—खरीफ की उत्पादकता 4922 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर और रबी की उत्पादकता 1565 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर रही, जो क्रमशः 48 और 34 प्रतिशत अधिक है। फसल सघनता भी बढ़कर 133 प्रतिशत हो गई है, जो 25 वर्षों की तुलना में 9 प्रतिशत की वृद्धि है।

किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले कृषि आदानों की उपलब्धता सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता रही है। वर्ष 2025 में 50,762 क्विंटल बीज वितरित किया गया, जो पिछले 25 वर्षों की तुलना में 58 प्रतिशत अधिक है। इसी प्रकार उर्वरकों का वितरण भी बढ़कर 89,632 मीट्रिक टन तक पहुंचा, जिसमें 45 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। बीज उत्पादन के क्षेत्र में भी जिले ने उल्लेखनीय प्रगति की है। खरीफ में 76,764 क्विंटल और रबी में 9,026 क्विंटल बीज का उत्पादन किया गया, जो पूर्व तुलना में उल्लेखनीय बढ़ोतरी है। इन प्रयासों से किसानों को स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध होने लगे हैं, जिससे कृषि कार्यों की दक्षता और उत्पादन क्षमता में निरंतर सुधार हुआ है।

वर्ष 2025 में कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं से कुल 1,06,659 कृषकों को लाभान्वित किया गया है, जो पिछले 25 वर्षों की तुलना में लगभग दस गुना अधिक है। यह उपलब्धि इस बात का संकेत है कि सरकारी सहायताएँ अब अधिक व्यापक और प्रभावी रूप से किसानों तक पहुँच रही हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत जिले के 80,230 किसानों को 340.24 करोड़ रुपये की राशि सीधे आधार-सत्यापित बैंक खातों में हस्तांतरित की गई है, जिससे योजना में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित हुई है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 2,85,995 किसानों को 482.18 करोड़ रुपये का दावा भुगतान किया गया है। इस प्रक्रिया में ग्राम स्तर पर मोबाइल ऐप से फसल कटाई प्रयोग किए जाने से दावा भुगतान तेज और सटीक हुआ है।

इसी प्रकार कृषक उन्नति योजना के तहत वर्ष 2023-24 और 2024-25 में 2,12,430 किसानों को 998.48 करोड़ रुपये की आदान सहायता प्रदान की गई है, जिसने किसानों को खेती के लिए मजबूत आर्थिक आधार प्रदान किया है। इन सभी समन्वित प्रयासों ने दुर्ग जिले के कृषि क्षेत्र को नई दिशा और मजबूती दी है। विभागीय प्रबंधन, तकनीकी हस्तक्षेप और केंद्र व राज्य की कृषक हितैषी नीतियों का प्रभाव अब जिले के सतत कृषि विकास में साफ दिखाई दे रहा है, जो आने वाले वर्षों में भी कृषि क्षेत्र के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव साबित होगा।

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