Ro no D15139/23

तकनीक और तत्परता से सुरक्षित हो रहे कवर्धा के जंगल

 

*‘फायर अलर्ट’ सिस्टम से 25 हजार हेक्टेयर वन क्षेत्र की प्रभावी निगरानी*

रायपुर, 07 अप्रैल 2026/छत्तीसगढ़ राज्य वन विकास निगम के कवर्धा परियोजना मंडल द्वारा वनों को आग से बचाने के लिए आधुनिक तकनीक और त्वरित कार्रवाई की प्रभावी व्यवस्था लागू की गई है। लगभग 25 हज़ार 436 हेक्टेयर वन क्षेत्र, जो 25 बीटों में विभाजित है, की सुरक्षा के लिए ‘फायर अलर्ट’ सिस्टम सक्रिय किया गया है।

*तकनीक से त्वरित सूचना और कार्रवाई*

वन विभाग द्वारा एफएमआईएस (Forest Management Information System) पोर्टल के माध्यम से सभी मैदानी अधिकारियों और कर्मचारियों के मोबाइल नंबर दर्ज किए गए हैं। जैसे ही किसी क्षेत्र में आग लगती है, संबंधित कर्मचारियों को तुरंत अलर्ट संदेश मिल जाता है। इससे मौके पर मौजूद टीम तत्काल पहुंचकर आग पर नियंत्रण पा लेती है।

*मानव संसाधन और आधुनिक साधनों का उपयोग*

वनों की सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए प्रत्येक बीट में अग्नि सुरक्षा श्रमिकों की नियुक्ति की गई है, जो पूरे फायर सीजन में सक्रिय रहते हैं। इसके साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों में पहले से फायर लाइन तैयार की गई है। सभी परिक्षेत्रों में फायर ब्लोअर जैसे आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। त्वरित प्रतिक्रिया के लिए क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) गठित की गई है l

*सोशल मीडिया और जनसहभागिता का सहयोग*

अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच समन्वय के लिए सोशल मीडिया समूह बनाए गए हैं, जिससे आग की सूचना तुरंत साझा की जा सके। साथ ही, वन क्षेत्र के आसपास रहने वाले ग्रामीणों को जागरूक कर उनकी सहभागिता भी सुनिश्चित की जा रही है।
पारदर्शिता के लिए फीडबैक तंत्र
अग्नि नियंत्रण के बाद पूरी जानकारी विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर दर्ज की जाती है, जिससे कार्यों में पारदर्शिता बनी रहती है।

*अग्नि घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण*

विभाग की सतर्कता और ग्रामीणों के सहयोग का ही परिणाम है कि मार्च 2026 तक इस क्षेत्र में केवल 23 अग्नि घटनाएं दर्ज की गई हैं। इनमें से कई घटनाएं राजस्व भूमि और वन अधिकार पत्र वाली जमीन से संबंधित थीं। सभी मामलों में समय पर कार्रवाई कर आग पर नियंत्रण पाया गया, जिससे वन संपदा और वन्यजीवों को होने वाली क्षति को काफी हद तक रोका जा सका है।

वन विकास निगम की यह पहल वनों की सुरक्षा के लिए तकनीक और सामुदायिक सहयोग का एक सफल उदाहरण बनकर सामने आई है।

  • Related Posts

    छत्तीसगढ़ के स्कूलों में अब गूंजेंगे राष्ट्रगान

    राज्यगीत और भोजन मंत्र; शिक्षा विभाग ने जारी किए कड़े निर्देश*   *नए शिक्षा सत्र 2026-27 से लागू होगी व्यवस्था- सुबह की प्रार्थना से लेकर छुट्टी के समय तक का…

    Read more

    रेशम, खादी और हथकरघा क्षेत्र को नई दिशा: केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने दिए महत्वपूर्ण निर्देश

    *बुनकरों और शिल्पियों की आय बढ़ाने के लिए डिजाइन प्रशिक्षण एवं नवाचार पर जोर*   *उद्यमियों को 5 लाख रुपये तक वार्षिक आय दिलाने विशेष कार्ययोजना बनाने के निर्देश*  …

    Read more

    NATIONAL

    भारत 2030: इंफ्रास्ट्रक्चर क्रांति जो लोगों और गणित की ताकत से शुरू होगी

    भारत 2030: इंफ्रास्ट्रक्चर क्रांति जो लोगों और गणित की ताकत से शुरू होगी

    12 साल की मोदी सरकार: फैसलों, विकास योजनाओं और राजनीतिक बदलावों का एक दशक से अधिक का सफर

    12 साल की मोदी सरकार: फैसलों, विकास योजनाओं और राजनीतिक बदलावों का एक दशक से अधिक का सफर

    झारखंड लोकायुक्त का महा-एक्शन! डेढ़ महीने में निपटाए 275 केस, भ्रष्ट कर्मियों के खिलाफ ACB जांच शुरू

    झारखंड लोकायुक्त का महा-एक्शन! डेढ़ महीने में निपटाए 275 केस, भ्रष्ट कर्मियों के खिलाफ ACB जांच शुरू

    पेट्रोल पंप से अब धड़ल्ले से नहीं खरीद पाएंगे पेट्रोल-डीजल, 90 दिनों तक थोक बिक्री पर रोकपेट्रोल पंप से अब धड़ल्ले से नहीं खरीद पाएंगे पेट्रोल-डीजल, 90 दिनों तक थोक बिक्री पर रोक

    पेट्रोल पंप से अब धड़ल्ले से नहीं खरीद पाएंगे पेट्रोल-डीजल, 90 दिनों तक थोक बिक्री पर रोकपेट्रोल पंप से अब धड़ल्ले से नहीं खरीद पाएंगे पेट्रोल-डीजल, 90 दिनों तक थोक बिक्री पर रोक

    मौसम : बिहार-झारखंड की ओर बढ़ा मॉनसून, जानें किन राज्यों में होगी आज से झमाझम बारिश

    मौसम : बिहार-झारखंड की ओर बढ़ा मॉनसून, जानें किन राज्यों में होगी आज से झमाझम बारिश

    CM सम्राट ने केंद्र से मांगी 18 हजार करोड़ की मदद, PM मोदी के सामने बिहार के विकास का बताया मास्टर प्लान

    CM सम्राट ने केंद्र से मांगी 18 हजार करोड़ की मदद, PM मोदी के सामने बिहार के विकास का बताया मास्टर प्लान