
प्रशिक्षण कार्यक्रम में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रथम चरण में क्रियान्वयन हेतु जिले की चयनित 70 ग्राम पंचायतों के सरपंच एवं सचिवों ने भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रमुख प्रावधानों, ग्राम स्तर पर ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन की व्यवस्थाओं, स्वच्छता गतिविधियों के प्रभावी संचालन तथा पर्यावरण संरक्षण से संबंधित विभिन्न विषयों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम में जिले के सातों जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत अध्यक्षगण, स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के जिला समन्वयक, यूनिसेफ जिला समन्वयक, ब्लॉक समन्वयक सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण के दौरान ग्राम पंचायतों में स्वच्छता एवं अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने, जनभागीदारी को बढ़ावा देने तथा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन पर विशेष बल दिया गया। अधिकारियों द्वारा प्रतिभागियों से अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों में स्वच्छता गतिविधियों को प्राथमिकता देते हुए नियमों के अनुरूप कार्य सुनिश्चित करने का आह्वान किया गया।
जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक कुमार ने कहा कि स्वच्छ एवं पर्यावरण अनुकूल ग्रामों के निर्माण में ग्राम पंचायतों की महत्वपूर्ण भूमिका है। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था सुदृढ़ होगी तथा पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित जनपद पंचायत अध्यक्षगण द्वारा कार्यक्रम में उपस्थित सरपंच एवं सचिवों को संबोधित करते हुए स्वच्छता एवं अपशिष्ट प्रबंधन गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु प्रेरित किया गया तथा उनके कार्यों की सराहना करते हुए निरंतर सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया गया।









