
Pati Patni Aur Woh Do: अक्सर जब भी ‘पति पत्नी और वो’ जैसी फिल्मों की बात होती है, तो लोगों के मन में सबसे पहला सवाल यही आता है कि क्या इसमें शादी के बाहर अफेयर या चीटिंग को प्रमोट किया जा रहा है? इसी तरह फिल्म ‘पति पत्नी और वो दो’ को लेकर भी कुछ लोगों के मन में यही सवाल था. लेकिन आयुष्मान खुराना ने इन सभी बातों पर पूरी तरह साफ कर दिया है. उन्होंने कहा है कि यह फिल्म बिल्कुल भी ‘इन्फिडेलिटी’ (शादी में बेवफाई) को प्रमोट या बढ़ावा नहीं देती है.
आयुष्मान खुराना: “मेरा किरदार अपनी पत्नी के लिए वफादार है”
आयुष्मान ने The Right Angle में सोनल कालरा से बात करते हुए कहा कि आज तक इस नाम से जितनी भी फिल्में बनी हैं, उनमें से यह पहली ऐसी फिल्म है जिसका हीरो अपनी पत्नी के प्रति पूरी तरह वफादार है. प्रजापति पांडे (आयुष्मान का रोल) अपनी पत्नी के अलावा किसी और की तरफ देखता तक नहीं है. आयुष्मान ने समझाया, “वह अपनी पत्नी को धोखा नहीं दे रहा है, बल्कि वह बस कुछ ऐसी अजीब और मजेदार परिस्थितियों में फंस जाता है कि उसकी पत्नी को गलतफहमी हो जाती है.” यानी यह फिल्म धोखे की नहीं, बल्कि गलतफहमियों और हंसी की कहानी है.
बच्चों के लिए भी है ‘क्लीन’ कंटेंट
आयुष्मान ने यह भी बताया कि फिल्म की कहानी इतनी साफ-सुथरी है कि उन्होंने खुद अपनी 12 साल की बेटी वरुष्का को यह फिल्म दिखाई है. आयुष्मान के लिए उनकी बेटी का रिएक्शन सबसे बड़ा सर्टिफिकेट था. उनकी बेटी को फिल्म बहुत पसंद आई. आयुष्मान ने कहा, “मैं अब ऐसी फिल्में बनाना चाहता हूं जिन्हें घर का हर सदस्य, चाहे वो छोटा बच्चा हो या बड़ा एक साथ बैठकर देख सके.” उनका मकसद परिवार को थियेटर तक लाना और साथ में हंसाना है.
कैसी है फिल्म की कहानी?
फिल्म में प्रजापति पांडे एक ईमानदार फॉरेस्ट ऑफिसर है जो प्रयागराज में रहता है. उसकी शादी अपर्णा (वमिका गब्बी) से हुई है. सब कुछ ठीक चल रहा होता है, लेकिन तभी कुछ ऐसे फनी हालात बनते हैं कि उसकी पत्नी उसे अपनी पुरानी दोस्त नीलोफर (रकुल प्रीत सिंह) और ऑफिस की साथी चंचल (सारा अली खान) के साथ देख लेती है. यहीं से शुरू होता है हंसी का वो दंगल, जिसे आप अपनी पूरी फैमिली के साथ एन्जॉय कर सकते हैं.









