Ro no D15139/23

युक्तियुक्तकरण नीति से स्वच्छता के सुदूर वनांचल में लौटी शिक्षा की रोशनी

नागम विद्यालय में शिक्षकों की पदस्थापना से बच्चों में उत्साह, अभिभावकों ने जताया आभार

रायपुर । छत्तीसगढ़ सरकार की शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण की नीति से सुदूर वनांचल क्षेत्रों के स्कूलों में शिक्षकों की कमी की पूर्ति होती जा रही है। युक्ति युक्तकरण के फलस्वरूप अब वनांचलों आदिवासी क्षेत्रों के स्कूलों में शिक्षक पदस्थ हो जाने से बच्चों की पढ़ाई गति पकड़ रही है साथ ही उनका भविष्य संवरने की नींव पड़ गई है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की युक्तियुक्तकरण नीति ने प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को गुणवत्ता, समानता और प्रभावशीलता की नई ऊंचाई पर पहुंचाया है।

इसी नीति के तहत सरगुजा जिले के लूण्ड्रा विकासखंड के सुदूर वनांचल ग्राम नागम की शासकीय प्राथमिक शाला, जो वर्षों से शिक्षक विहीन थी, अब बच्चों की पढ़ाई की आवाज़ों से गूंज उठी है। विद्यालय में दो सहायक शिक्षकों में सुश्री ज्ञानलता लकड़ा और श्री वासुकी मिर्री की पदस्थापना के बाद अब यहां के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल रही है। पहले जहां शिक्षक की कमी के कारण विद्यालय लगभग बंद जैसा था, अब वहीं कक्षाएं नियमित रूप से संचालित हो रही हैं। बच्चों में पढ़ाई को लेकर नया उत्साह देखने को मिल रहा है। सहायक शिक्षक ज्ञानलता लकड़ा ने बताया कि नागम के शासकीय प्राथमिक शाला में 40 बच्चे पढ़ते हैं, ये सभी बच्चे बहुत जिज्ञासु और सीखने के इच्छुक हैं। हमारा प्रयास है कि सभी को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जाए, जिससे उनका सर्वांगीण विकास हो सके।

युक्तियुक्तकरण नीति की अभिभावकों ने की सराहना

विद्यालय में शिक्षकों की पदस्थापना से अभिभावकों में खुशी की लहर है। अभिभावक ने कहा कि पहले हमारे बच्चों को पढ़ाई के लिए दूसरे गांव भेजना पड़ता था, अब गांव में ही शिक्षक आ गए हैं। इससे बच्चों का भविष्य सुरक्षित हुआ है। उन्होंने मुख्यमंत्री और शिक्षा विभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब हमारे बच्चे रोज स्कूल जा रहे हैं, उन्हें स्कूल में पौष्टिक मध्यान्ह भोजन मिल रहा है जिससे बच्चों का पढ़ाई में मन लगा रहा हैं। यह बदलाव हमारे गांव के लिए बहुत बड़ा तोहफा है।

विकासखंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि युक्तियुक्तकरण नीति के तहत विकासखंड स्तर के सभी विद्यालयों में शिक्षकों की संतुलित तैनाती सुनिश्चित की गई है,ताकि शासकीय स्कूल में पढ़ रहे बच्चों को गुणवत्तापूर्ण बेहतर शिक्षा मिले और बच्चों का भविष्य सुदृढ़ हो। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की युक्तियुक्तकरण नीति ने न केवल शिक्षा व्यवस्था में संतुलन स्थापित किया है बल्कि सुदूर अंचलों तक शिक्षा की रोशनी पहुंचाकर सबके लिए समान शिक्षा का अधिकार के संकल्प को साकार किया है।

  • Related Posts

    एमओ-आयुष पदों पर भर्ती के लिए आयोजित दस्तावेज सत्यापन एवं लिखित परीक्षा स्थगित

    राजनांदगांव 18 अगस्त 2026। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन राजनांदगांव, मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी एवं खैरागढ़-छुईखदान-गण्डई जिला अंतर्गत एमओ-आयुष के कुल 9 रिक्त पदों पर संविदा भर्ती के लिए शनिवार 22 अगस्त 2026 को…

    Read more

    ग्राम टप्पा में आयोजित आयुष स्वास्थ्य शिविर में 708 ग्रामीण हुए लाभान्वित

    राजनांदगांव 18 अगस्त 2026। आयुष विभाग द्वारा डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम टप्पा (तेलीटोला) में नि:शुल्क आयुष स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में ग्रामीणों को विभिन्न आयुष एवं स्वास्थ्य…

    Read more

    NATIONAL

    युवाओं के लिए CM योगी की नसीहत, ड्रग्स और स्मार्टफोन के नशे से रहें दूर

    युवाओं के लिए CM योगी की नसीहत, ड्रग्स और स्मार्टफोन के नशे से रहें दूर

    UP Election 2027: हैट्रिक के मिशन पर CM योगी का मास्टर प्लान तैयार, एक फैसले से बढ़ सकती है विपक्ष की मुश्किल

    UP Election 2027: हैट्रिक के मिशन पर CM योगी का मास्टर प्लान तैयार, एक फैसले से बढ़ सकती है विपक्ष की मुश्किल

    डोनाल्ड ट्रंप को पसंद आया भारत का वोटर आईडी सिस्टम, ज्ञानेश कुमार का नाम लेकर की तारीफ

    डोनाल्ड ट्रंप को पसंद आया भारत का वोटर आईडी सिस्टम, ज्ञानेश कुमार का नाम लेकर की तारीफ

    रांची के पहाड़ी मंदिर समेत शिवालयों में उमड़ेगी भीड़, जानें सावन सोमवार और नाग पंचमी पूजा का विशेष महत्व

    रांची के पहाड़ी मंदिर समेत शिवालयों में उमड़ेगी भीड़, जानें सावन सोमवार और नाग पंचमी पूजा का विशेष महत्व

    15 अगस्त पर Instagram Post को बनाएं यादगार, तिरंगे वाली फोटो के लिए देखें 25+ कैप्शन

    15 अगस्त पर Instagram Post को बनाएं यादगार, तिरंगे वाली फोटो के लिए देखें 25+ कैप्शन

    पाकिस्तान में कैसे ‘जिहाद’ बना State Policy? General Zia ने 1979 में बदली रणनीति, तैयार हुआ ‘Proxy War’ का मॉडल

    पाकिस्तान में कैसे ‘जिहाद’ बना State Policy? General Zia ने 1979 में बदली रणनीति, तैयार हुआ ‘Proxy War’ का मॉडल