Ro no D15139/23

दिल्ली में 25 फरवरी को सीएजी रिपोर्ट, मुख्यमंत्री ने कहा पाई-पाई का हिसाब होगा, सस्ते में नहीं छूटेंगे केजरीवाल, वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…

 

दिल्ली में 25 फरवरी को सीएजी रिपोर्ट,
मुख्यमंत्री ने कहा पाई-पाई का हिसाब होगा,
सस्ते में नहीं छूटेंगे केजरीवाल,
वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की खरी… खरी…
25 तारीख को सीएजी की रिपोर्ट आनी है जिसमें पिछली आप सरकार का कच्चा चिट्ठा नजर आएगा। जाहिर है इसमें केजरीवाल की करतूतों का खुलासा होगा। इसमें साफ होगा कि केजरीवाल सरकार ने किस मामले में कितना झूठ परोसा।

वैसे अरविंद केजरीवाल की शातिराना फितरत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने अपने पास कभी कोई विभाग नहीं रखा।

सारे विभाग अपने साथी मंत्रियों के पास रखे ताकि ऐसा कोई आड़ा वक्त आने पर अपना पल्ला झाड़ सकें लेकिन वे ये भूल गये कि नैतिक रूप से अपने मंत्रिमण्डल के सभी कार्यों के लिये मुख्यमंत्री जवाबदार होता है।

और यहां पर तो शीशमहल बनवाने जैसे मामलों में वे सीधे ही जवाबदार हैं।
निश्चित रूप से इसका खामियाजा उन्हें भुगतना होगा। चुनाव में हारना इस नुकसान का एक उदाहरण है।

लेकिन ये तो शुरूआत है।अभी तो केजरीवाल को जनता के विश्वास को तोड़ने की सजा मिलना बाकी है।

चोर से चोरी की उम्मीद की जाती है और चोरी पकड़ाने पर चोरी की सजा दी जाती है, लेकिन साधु बनकर, सबको छलकर जब डाका डाला जाता है तो साधु की छवि खराब करने की और उस पर कायम विश्वास और आस्था को तोड़ने की सजा भी मिलती है।

अति आत्मविश्वास से गिरे औंधे मुंह

लंबी रेस का घोड़ा शरूआत में धीरे ही दौड़ता है, यदि शुरू में ही तेज दौड़ेगा तो जल्दी थक जाएगा। राजनीति हो या कुछ और यही नियम लागू होता है।

थोड़ी सी सफलता से मन बढ़ जाने से इंसान हवा में उड़ने लगता है और फिर एकाएक एक समय आता है जब वह औंधे मंुह जमीन पर गिर पड़ता है। जैसे केजरीवाल के साथ हुआ।

पहले तो उन्होंने अन्ना हजारे के साथ रहकर उनकी ही तरह व्यवहार करके संत होने का प्रदर्शन किया और बहुत ही कुटिल चालाकी के साथ सत्ता हथिया ली। सत्ता पाकर जल्दी ही संता चोला उतार फेंका और बिना किसी संकोच या शर्म के सारे निम्नस्तरीय राजनैतिक फार्मूले अपना लिये।

दरअसल अविश्वसनीय विशाल बहुमत देखकर वे अति आत्मविश्वास से भर गये। स्पष्ट शब्दों में कहा जाए तो बौखला गये।

25 फरवरी को जो खुलासे हांेगे वो सारे पहले से सार्वजनिक हो चुके हैं। अब तो तथ्य और आंकड़े सामने आने हैं।

जब सारी कारस्तानियां सामने हांेगी तो सरकार, प्रशासन, अदालत अपना काम करेगी और केजरीवाल और उनके साथियों पर शिकंजा कसेगा और कोई भी सस्ते में छूट पाएगा ऐसा नहीं लगता।

सिर्फ चुनाव हारकर जान छूटी ये सोचना गलत है। देश में भ्रष्टाचार के खिलाफ हवा चल रही है और ये हवा इन लोगों को बहाकर सीधे जेल ले जाएगी—————————————————-
जवाहर नागदेव वरिष्ठ पत्रकार, चिंतक, विश्लेषक, मोबा. 9522170700
‘बिना छेड़छाड़ के लेख का प्रकाशन किया जा सकता है’———————————————-

  • Related Posts

    मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    *भारत मंडपम में आयोजित बैठक में शामिल हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय*   नई दिल्ली, 10 जून, 2026 (IMNB NEWS AGENCY) प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार…

    Read more

    सहूलियत, सम्मान और सेहत… हर घर नल से बदली जिंदगी

    कमलेश साहू, सहायक संचालक जनसंपर्क   रोज सुबह उठते ही घर में नल से साफ पानी आते देखने की खुशी क्या होती है, इसे कमली से पूछिए। उप मुख्यमंत्री श्री…

    Read more

    NATIONAL

    मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    लोगों का भरोसा जीतने में सफल रहे हैं पीएम मोदी, पढ़ें नीतीश कुमार का आलेख

    लोगों का भरोसा जीतने में सफल रहे हैं पीएम मोदी, पढ़ें नीतीश कुमार का आलेख

    ममता बनर्जी के चारों ओर सन्नाटा! फोन बंद, चेहरे गायब, दीदी के सबसे करीबी सांसदों ने संकट में मुंह फेरा

    ममता बनर्जी के चारों ओर सन्नाटा! फोन बंद, चेहरे गायब, दीदी के सबसे करीबी सांसदों ने संकट में मुंह फेरा

    4399 दिन… पीछे छूटे नेहरू, नरेंद्र मोदी बने भारत के सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री

    4399 दिन… पीछे छूटे नेहरू, नरेंद्र मोदी बने भारत के सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री

    नाज़िया इलाही खान के बयान पर मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी का तीखा पलटवार, कहा— “मुहर्रम और अज़ादारी पर सवाल उठाना करोड़ों भारतीयों की आस्था का अपमान”

    नाज़िया इलाही खान के बयान पर मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी का तीखा पलटवार, कहा— “मुहर्रम और अज़ादारी पर सवाल उठाना करोड़ों भारतीयों की आस्था का अपमान”

    वाराणसी में नॉनवेज दुकानों पर कार्रवाई और शराब की दुकानों पर चुप्पी न्यायसंगत नहीं : मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी

    वाराणसी में नॉनवेज दुकानों पर कार्रवाई और शराब की दुकानों पर चुप्पी न्यायसंगत नहीं : मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी