Ro no D15139/23

धान की जगह अदरक की खेती से किसानों की बढ़ रही आय, फसल विविधीकरण से मिल रही नई आर्थिक मजबूती

*कृषक उन्नति योजना के तहत प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की आदान सहायता से लाभकारी फसलों की खेती को मिल रहा प्रोत्साहन*

 

रायपुर, 10 जुलाई 2026/ राज्य शासन द्वारा किसानों की आय बढ़ाने तथा कृषि को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से संचालित कृषक उन्नति योजना के तहत फसल विविधीकरण को व्यापक स्तर पर बढ़ावा दिया जा रहा है। योजना के अंतर्गत धान के स्थान पर उद्यानिकी एवं अन्य लाभकारी फसलों की खेती करने वाले किसानों को प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की आदान सहायता राशि प्रदान की जा रही है। इस पहल से प्रदेश के विभिन्न जिलों में किसानों का रुझान परंपरागत खेती से हटकर अधिक लाभकारी फसलों की ओर तेजी से बढ़ रहा है।

 

फसल विविधीकरण का सकारात्मक परिणाम अब प्रदेश के कई क्षेत्रों में देखने को मिल रहा है। सरगुजा जिले के ग्राम दरिमा के प्रगतिशील किसान अमित कुमार सिंह ने धान की जगह अदरक की खेती अपनाकर उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है। उन्होंने बताया कि अदरक की खेती से उन्हें धान की तुलना में कई गुना अधिक आय प्राप्त हो रही है। पिछले वर्ष एक एकड़ क्षेत्र में अदरक की खेती से उन्होंने लगभग 5 लाख रुपये की आय अर्जित की। उनका कहना है कि बाजार में अनुकूल मूल्य मिलने पर अदरक की खेती से प्रति एकड़ 10 लाख रुपये तक की आय प्राप्त की जा सकती है।

 

किसान अमित कुमार सिंह ने बताया कि कृषि विभाग के मार्गदर्शन में उन्होंने अदरक की खेती शुरू की थी। बेहतर उत्पादन और अधिक लाभ मिलने के बाद उन्होंने इस वर्ष खेती का रकबा भी बढ़ा दिया है। उनका विश्वास है कि क्षेत्रफल बढ़ने से इस बार उन्हें पिछले वर्ष की तुलना में और अधिक आय प्राप्त होगी।

 

उन्होंने बताया कि अदरक की खेती वैज्ञानिक पद्धति से मेड़ बनाकर की गई है, जिससे फसल की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों में सुधार हुआ है। उनका मानना है कि यदि किसान आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर अदरक जैसी लाभकारी फसलों की खेती करें तो सीमित भूमि पर भी बेहतर आमदनी अर्जित कर सकते हैं।

 

अमित कुमार सिंह ने राज्य सरकार द्वारा कृषक उन्नति योजना के तहत फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए दी जा रही प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की आदान सहायता राशि को किसानों के लिए अत्यंत उपयोगी बताया। उन्होंने कहा कि इससे खेती की लागत का बोझ कम होता है और किसानों को नई फसलों को अपनाने का आत्मविश्वास मिलता है। उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए प्रदेश के अन्य किसानों से भी धान के साथ-साथ अदरक एवं अन्य लाभकारी फसलों की खेती अपनाने की अपील की।

 

कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि राज्य शासन की कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत किसानों को फसल विविधीकरण अपनाने के लिए तकनीकी मार्गदर्शन, आवश्यक परामर्श तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जा रहा है। इसका उद्देश्य किसानों की आय में वृद्धि करना, खेती की लागत कम करना तथा कृषि को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाना है। विभाग द्वारा किसानों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप लाभकारी फसलों की खेती के लिए लगातार प्रेरित किया जा रहा है, जिससे प्रदेश में कृषि आधारित अर्थव्यवस्था और अधिक सुदृढ़ हो सके।

  • Related Posts

    महतारी वंदन योजना से उर्मिला यादव के परिवार को मिला आर्थिक संबल योजना की राशि से बच्चों के खान-पान की जरूरतें पूरी करने के साथ बेटी के भविष्य के लिए कर रहीं बचत

    अम्बिकापुर 22 अगस्त 2026/   छत्तीसगढ़ शासन की महतारी वंदन योजना महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। योजना के तहत…

    Read more

    आकांक्षी विकासखंड लखनपुर में 202 तालाबों के लिए मत्स्य बीज का वितरण

      कार्यक्रम में शामिल हुए पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री  राजेश अग्रवाल मत्स्य पालन से बढ़ेंगे आय एवं रोजगार के अवसर- पर्यटन मंत्री श्री अग्रवाल वीबी जी राम जी, एनआरएलएम एवं…

    Read more

    NATIONAL

    भाजपा की नव नियुक्त राष्ट्रीय पदाधिकारियों की बैठक में क्षेत्रीय संगठन महामंत्री सहित भाजपा पदाधिकारी शामिल हुए

    भाजपा की नव नियुक्त राष्ट्रीय पदाधिकारियों की बैठक में क्षेत्रीय संगठन महामंत्री सहित भाजपा पदाधिकारी शामिल हुए

    रावलपिंडी में 6 महीने के लिए तैनात हुई पाकिस्तानी सेना, मुनीर ने ताकत मिलते ही लिया फैसला; GHQ बना किला

    रावलपिंडी में 6 महीने के लिए तैनात हुई पाकिस्तानी सेना, मुनीर ने ताकत मिलते ही लिया फैसला; GHQ बना किला

    अमेरिका पीछे हटा तो कौन भरेगा खाली जगह? सऊदी अरब के नए सुरक्षा प्लान को समझिए

    अमेरिका पीछे हटा तो कौन भरेगा खाली जगह? सऊदी अरब के नए सुरक्षा प्लान को समझिए

    भारत में विदेशी पर्यटक क्यों नहीं आ रहे? थाईलैंड-वियतनाम से पीछे रहने की 3 बड़ी वजहें

    भारत में विदेशी पर्यटक क्यों नहीं आ रहे? थाईलैंड-वियतनाम से पीछे रहने की 3 बड़ी वजहें

    BJP छोड़ने के बाद शहजाद पूनावाला ने कहा- मकान मालिक 1 तारीख को मांगता है किराया

    BJP छोड़ने के बाद शहजाद पूनावाला ने कहा- मकान मालिक 1 तारीख को मांगता है किराया

    माता सीता की रक्षा एक तिनके से

    माता सीता की रक्षा एक तिनके से