
जगदलपुर, 25 फरवरी 2026/ शिक्षा विभाग के संयुक्त संचालक ने संभाग के अंतर्गत आने वाले विभिन्न जिलों के शासकीय विद्यालयों में कार्यरत रहे व्याख्याता, प्रधान पाठक, उच्च श्रेणी शिक्षक और शिक्षक एलबी संवर्ग के पेंशन प्रकरणों के निराकरण में बड़ी तत्परता दिखाई है। संयुक्त संचालक स्कूल शिक्षा से मिली जानकारी के अनुसार सेवानिवृत्ति की 62 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाले और दुर्भाग्यवश असामयिक देहावसान हुए कर्मचारियों के पेंशन मामलों के सूक्ष्म परीक्षण के उपरांत पिछले तीन महीनों में कुल 65 अनापत्ति प्रमाण पत्र विधिवत जारी किए गए हैं। इस प्रक्रिया में विभाग ने निरंतरता बनाए रखते हुए नवंबर माह में 09, दिसंबर में 13 और जनवरी माह में 43 प्रकरणों का निपटारा किया है। साथ ही संबधित जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों को उक्त पेंशन प्रकरणों का त्वरित निराकरण किए जाने निर्देशित किया गया है, जिससे संबंधित परिवारों और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को बड़ी राहत मिली है।
पेंशन प्रकरणों के इस त्वरित निराकरण के साथ ही संयुक्त संचालक ने संभाग के समस्त आहरण संवितरण अधिकारियों, जिला शिक्षा अधिकारियों, ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों और हायर सेकेंडरी स्कूलों के प्राचार्यों को कड़े निर्देश दिए हैं कि वे शासकीय नियमानुसार निर्धारित समय-सीमा के भीतर संबंधित कर्मचारियों के समस्त देय स्वत्वों का पूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा है कि इन शिक्षकों ने अपने सेवाकाल के दौरान राज्य शासन की विभिन्न शैक्षणिक योजनाओं, गुणवत्ता उन्नयन कार्यक्रमों और नवाचार गतिविधियों के सफल क्रियान्वयन में सक्रिय सहभागिता निभाई है। साथ ही उनके समर्पण, शैक्षणिक दृष्टिकोण और कार्यशैली को भावी पीढ़ी के शिक्षकों के लिए अनुकरणीय और प्रेरणास्रोत निरूपित किया है।
जानकारी के अनुसार जनवरी माह में कोंडागांव जिले से सर्वाधिक 11 प्रकरणों का निपटारा किया गया, जबकि बीजापुर से 09, कांकेर से 08 और बस्तर जिले से 07 प्रकरणों के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी की गई है। इसी तरह नारायणपुर, दंतेवाड़ा और सुकमा जिलों में भी पेंशन संबंधी प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया गया है।








