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केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने स्वच्छ भारत मिशन – शहरी 2.0 पर परामर्शदात्री समिति की बैठक की अध्यक्षता की

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नई दिल्ली । केंद्रीय विद्युत तथा आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल ने 27 मार्च, 2025 को आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय की परामर्शदात्री समिति की बैठक की अध्यक्षता की।
स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 की प्रगति और भविष्य की रूपरेखा की समीक्षा करना इस बैठक का एजेंडा था।
बैठक में आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय के सचिव श्री श्रीनिवास कठिकला, मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी तथा राज्य सभा और लोक सभा के सांसद उपस्थित थे। आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय में संयुक्त सचिव (एसबीएम) सुश्री रूपा मिश्रा ने इस विषय पर एक प्रस्तुति दी।
अपने आरंभिक भाषण में केंद्रीय मंत्री ने एसबीएम-यू की उपलब्धियों की सराहना की और देश भर में शहरी स्वच्छता पर इसके परिवर्तनकारी प्रभाव के बारे में बताया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि स्वच्छता एक बार का प्रयास नहीं है, बल्कि एक सतत प्रक्रिया है जिसके लिए निरंतर ध्यान, नवाचार और जन भागीदारी की आवश्यकता होती है।
मिशन के ठोस परिणामों पर प्रकाश डालते हुए, उन्होंने बाल मृत्यु दर में कमी और महिलाओं के लिए स्वच्छता तक पहुंच में वृद्धि जैसे सार्वजनिक स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार से अवगत कराया। उन्होंने स्वच्छता के स्थायी लक्ष्यों को प्राप्त करने में व्यवहार परिवर्तन की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया और ऐसे इन्फ्रास्ट्रक्चर का आह्वान किया, जो न केवल कार्यात्मक हो, बल्कि भविष्य के लिए भी तैयार हो।
आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री ने शहरी स्वच्छता में वैश्विक सर्वोत्तम प्रणालियों को अपनाने का आग्रह किया और प्रदर्शन को बढ़ावा देने के लिए शहरों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने इंदौर और सूरत को शहरी स्वच्छता और समुदाय-संचालित पहलों के अनुकरणीय मॉडल के रूप में उद्धृत किया, जिससे अन्य शहरों को भी इसका अनुसरण करने की प्रेरणा मिली।
श्री तोखन साहू ने इस बात पर प्रकाश डाला कि स्वच्छ भारत मिशन ने बाल मृत्यु दर को कम करने और पूरे देश में स्वच्छता में उल्लेखनीय सुधार सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने यह भी कहा कि मिशन नागरिकों में अपने आस-पास स्वच्छता बनाए रखने के प्रति जिम्मेदारी की भावना पैदा करने में सहायक रहा है।
समिति के सदस्यों ने आगे की राह पर अपने विचार और सुझाव साझा किए। श्री साहू ने इन सुझावों का स्वागत किया और आश्वासन दिया कि जवाबदेही और जागरूक प्रगति ट्रैकिंग सुनिश्चित करने के लिए अगली बैठक में एक कार्रवाई रिपोर्ट (एटीआर) प्रस्तुत की जाएगी।

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