
कवर्धा जिले की सुप्रतिष्ठित अंग्रेजी माध्यम शिक्षण संस्था गुरुकुल पब्लिक स्कूल सदैव ही विद्यार्थियों के साथ अपने शिक्षकों शिक्षिकाओं के शैक्षणिक हित को सर्वोपरि मानता रहा है। इसलिए समय-समय पर विभिन्न एजेंसियों के द्वारा शिक्षकों का प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित होता रहा है। इसी कड़ी में माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, नई दिल्ली के उत्कृष्टता केंद्र के तत्वावधान में विद्यालय परिसर में एक दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। सर्वप्रथम माँ वीणावाणि के तेल चित्र पर अतिथियों द्वारा माल्यार्पण किया गया। विद्यालय प्रशिक्षण कार्यशाला की प्रभारी शिक्षिका ने सबका स्वागत करते हुए इस कार्यशाला की उपयोगिता पर प्रकाश डाला। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में गुरुकुल समेत क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों के 60 शिक्षक शिक्षिकाओं ने अंशग्रहण किया। माध्यमिक शिक्षा परिषद दिल्ली के द्वारा प्रदत्त कुशल प्रशिक्षक फैजलुर रहमान खान तथा आलोक कुमार श्रीवास्तव ने शिक्षण पद्धति एवं शिक्षण शास्त्र पर सभी को प्रशिक्षण दिया। विद्वान प्रशिक्षक द्वय ने विभिन्न क्रिया कलापों के माध्यम से पेडागोजी अर्थात शिक्षण कला के अंतर्गत शिक्षण की प्रक्रिया, शिक्षण के सिद्धांत तथा उनके व्यावहारिक ज्ञान को प्रभावशाली ढंग से समझाया। उन्होंने बतलाया कि कक्षा में विद्यार्थियों को इस प्रकार शिक्षण सिद्धांत तथा शिक्षण तकनीक या शिक्षण विधियों से शिक्षण दिया जाए कि वे कठिन से कठिन विषयों को भी खेल खेल में सहजता से सीख सकें। कार्यशाला में विभिन्न शिक्षण विधियों के साथ ही शिक्षक केंद्रित एवं विद्यार्थी केंद्रित शिक्षा की बारीकियों को सोदाहरण समझाया गया। कक्षा में प्रयुक्त शिक्षण के मूलभूत सिद्धांत है जिन्हें जानना प्रत्येक शिक्षक शिक्षिकाओं के लिए आवश्यक है। दो सत्र में आयोजित इस कार्यशाला से सभी शिक्षक एवं शिक्षिकाएं लाभान्वित हुए। सस्था के अध्यक्ष, अन्य पदाधिकारीगण तथा प्रभारी प्राचार्य ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रशिक्षण सत्र से प्राप्त शिक्षण कौशल से सभी शिक्षक-शिक्षिकाएँ और बेहतर तरीके से विद्यार्थियों को पढ़ा सकेंगे।









