
रायपुर, 13 मई 2026 (IMNB NEWS AGENCY) प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा ऊर्जा संरक्षण और संसाधनों के संतुलित उपयोग के आह्वान का छत्तीसगढ़ के वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने पुरजोर समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि आत्मसंयम और सादगीपूर्ण जीवन केवल विचार नहीं, बल्कि वर्तमान समय की अनिवार्य आवश्यकता है।
*सादगी की मिसाल- वीआईपी कल्चर का त्याग*
वन मंत्री ने प्रधानमंत्री के संदेश को अपने व्यक्तिगत और सार्वजनिक जीवन में उतारते हुए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। सीमित काफिला से ईंधन की खपत कम करने के लिए उन्होंने अपने काफिले में वाहनों की संख्या मात्र दो तक सीमित कर दी है। रायपुर प्रवास के दौरान उन्होंने सुरक्षा के लिए साथ चलने वाली फॉलो और पायलट गाड़ी को भी बंद कर दिया है, ताकि ऊर्जा बचत का व्यावहारिक संदेश दिया जा सके। शासकीय निवास पर उपलब्ध अतिरिक्त वाहनों को उन्होंने संबंधित विभाग को वापस सौंप दिया है।
*हरित ऊर्जा की ओर कदम*
पर्यावरण संरक्षण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए मंत्री श्री कश्यप ने तकनीकी विकल्पों को अपनाया है। इलेक्ट्रिक वाहन (EV) मंत्री वर्तमान में स्वयं इलेक्ट्रिक वाहन का उपयोग कर रहे हैं, जिससे कार्बन उत्सर्जन कम करने में मदद मिल रही है। अपने निवास पर उन्होंने सोलर पैनल स्थापित करवाए हैं ताकि पारंपरिक बिजली पर निर्भरता कम हो सके।
*सामूहिक जिम्मेदारी का आह्वान*
मंत्री श्री कश्यप ने बल देते हुए कहा कि ऊर्जा संरक्षण केवल सरकारी प्रयास तक सीमित नहीं रहना चाहिए। ऊर्जा सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण राजनीति से ऊपर के विषय हैं। यह हर नागरिक का दायित्व है कि वह अपनी छोटी-छोटी आदतों में बदलाव लाए, ताकि देश आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ सके।









